UP International Trade Show 2026: ग्रेटर नोएडा में गूंजेगी अमरोहा की ढोलक, 6 प्रमुख इकाइयां दिखाएंगी हुनर का जलवा
UP International Trade Show 2026: उत्तर प्रदेश इंटरनेशनल ट्रेड शो (UPITS-2026) के चौथे संस्करण में इस बार अमरोहा के पारंपरिक शिल्प, हथकरघा, वुडन क्राफ्ट और स्थानीय खानपान की खास पहचान देश-दुनिया के सामने पहुंचेगी। ग्रेटर नोएडा स्थित इंडिया एक्सपो सेंटर एंड मार्ट में 25 से 29 सितंबर तक आयोजित होने वाले इस बड़े व्यापारिक आयोजन में अमरोहा की कुल 6 प्रमुख इकाइयों और उद्यमियों का चयन किया गया है। इन इकाइयों के जरिए जिले के पारंपरिक उत्पादों को राष्ट्रीय ही नहीं, बल्कि अंतरराष्ट्रीय बाजार तक पहुंच बनाने का अवसर मिलेगा।
उत्तर प्रदेश सरकार और इंडिया एक्सपोजिशन मार्ट लिमिटेड (IEML) के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित हो रहे इस ट्रेड शो में रूस, सिंगापुर, वियतनाम, ऑस्ट्रिया और जापान पार्टनर कंट्री के तौर पर शामिल हो रहे हैं। ऐसे में अमरोहा के कारीगरों और उद्यमियों के लिए यह आयोजन अपने उत्पादों को विदेशी खरीदारों, कारोबारी प्रतिनिधियों और बड़े बाजारों के सामने प्रस्तुत करने का महत्वपूर्ण अवसर माना जा रहा है।
इस बार ट्रेड शो में जीआई टैग प्राप्त अमरोहा की प्रसिद्ध ढोलक, ओडीओपी के तहत मशहूर सेव, हैंडलूम उत्पाद, वुडन हैंडीक्राफ्ट, बेडशीट, दरी, चादर और कंबल जैसे उत्पाद प्रदर्शित किए जाएंगे। करीब 1.5 लाख B2B बायर्स और 4.5 लाख से अधिक B2C विजिटर्स की संभावित मौजूदगी वाले इस आयोजन से स्थानीय कारोबारियों को नए व्यापारिक संपर्क और बाजार तलाशने का मौका मिलेगा।
हॉल नंबर 11 में दिखेगी अमरोहा की जीआई टैग वाली ढोलक
अमरोहा की पहचान देशभर में उसके पारंपरिक संगीत वाद्य यंत्रों के लिए रही है। खास तौर पर यहां तैयार होने वाली ढोलक को जिले की पारंपरिक काष्ठ कला और संगीत संस्कृति से जोड़कर देखा जाता है। अब यही पारंपरिक उत्पाद अंतरराष्ट्रीय व्यापारियों के सामने अपनी पहचान बनाएगा।
ट्रेड शो के हॉल नंबर 11 में जीआई टैग श्रेणी के अंतर्गत ‘मै० आर्टीजन वेलफेयर सोसाइटी’ का स्टॉल लगाया जाएगा। यहां आम और शीशम की लकड़ी से तैयार की जाने वाली हस्तनिर्मित ढोलक की अलग-अलग रेंज प्रदर्शित की जाएगी।
अमरोहा के कारीगर पीढ़ियों से ढोलक निर्माण के काम से जुड़े हुए हैं। ऐसे में इस पारंपरिक उत्पाद को विदेशी खरीदारों और 75 से अधिक देशों से आने वाले प्रतिनिधियों के सामने प्रदर्शित करने से स्थानीय वाद्य यंत्र निर्माताओं को नए बाजारों से जुड़ने का अवसर मिल सकता है। ट्रेड शो के जरिए इन कारीगरों को सीधे अंतरराष्ट्रीय एक्सपोर्ट ऑर्डर हासिल करने की दिशा में भी मदद मिलने की उम्मीद है।
हॉल नंबर 16 में दिखेगा अमरोहा के सेव का स्वाद
अमरोहा सिर्फ हस्तशिल्प और वाद्य यंत्रों के लिए ही नहीं, बल्कि अपने स्थानीय खानपान के लिए भी पहचान रखता है। उत्तर प्रदेश सरकार की **’एक जिला एक व्यंजन’ (ODOP)** योजना के तहत जिले के मशहूर नमकीन सेव को भी यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो में जगह मिली है।
हॉल नंबर 16 में मै० फैमस स्वीट्स सेन्टर’ का स्टॉल लगाया जाएगा। इसके प्रोपराइटर सारो फैजल हैं। यहां अमरोहा के पारंपरिक सेव को प्रदर्शित किया जाएगा।
बेसन और खास मसालों से तैयार होने वाला कुरकुरा सेव स्थानीय स्तर पर काफी लोकप्रिय है। ट्रेड शो के जरिए इस उत्पाद को देश के दूसरे हिस्सों के साथ-साथ विदेशी खरीदारों के सामने भी पेश करने का अवसर मिलेगा। इससे पैकेज्ड नमकीन कारोबार को बड़े रिटेल स्टोर्स, थोक बाजारों और ई-कॉमर्स नेटवर्क से जोड़ने की संभावनाएं बढ़ सकती हैं।
टेक्सटाइल और हैंडलूम उत्पादों को भी मिलेगा बाजार
अमरोहा के कई उद्यमी टेक्सटाइल और हैंडलूम क्षेत्र में भी सक्रिय हैं। यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो में जिले के इन उत्पादों को भी अलग-अलग हॉल में प्रदर्शित किया जाएगा।
हॉल नंबर 09 में ओडीओपी योजनांतर्गत टेक्सटाइल सेक्टर के तहत उद्यमी गुलफाम अहमद अपने उत्पादों का प्रदर्शन करेंगे। उनके स्टॉल पर उच्च गुणवत्ता वाली कॉटन बेडशीट, दरी और चादरें प्रदर्शित की जाएंगी।
इन उत्पादों की खासियत यह है कि इन्हें स्थानीय स्तर पर तैयार किया जाता है और इनकी मांग घरेलू बाजार के साथ-साथ दूसरे बाजारों में भी है। ट्रेड शो के जरिए उद्यमी अपने उत्पादों की गुणवत्ता, डिजाइन और निर्माण प्रक्रिया को संभावित खरीदारों तक पहुंचा सकेंगे।
हॉल नंबर 10 में बेडशीट, दरी और रेडीमेड गारमेंट्स
एमएसएमई श्रेणी के तहत हॉल नंबर 10 में ‘मै० अनीस हैण्डलूम एण्ड रेडीमेड गारमेन्टस’ का स्टॉल लगाया जाएगा। इसके प्रोपराइटर अनीस अहमद हैं।
इस स्टॉल पर हैंडलूम से तैयार बेडशीट और दरी के साथ रेडीमेड गारमेंट्स भी प्रदर्शित किए जाएंगे। इससे अमरोहा के छोटे और मध्यम उद्यमियों को अपने उत्पादों को एक ही मंच पर अलग-अलग श्रेणी के खरीदारों के सामने रखने का अवसर मिलेगा।
हैंडलूम क्षेत्र में काम करने वाले स्थानीय उद्यमियों के लिए ऐसे व्यापारिक आयोजनों की अहमियत इसलिए भी बढ़ जाती है क्योंकि यहां उन्हें सीधे थोक खरीदारों, कॉर्पोरेट प्रतिनिधियों और अन्य कारोबारियों से संपर्क करने का अवसर मिलता है।
हॉल नंबर 14 में दिखेगी अमरोहा की वुडन हैंडीक्राफ्ट कला
अमरोहा की काष्ठ कला भी जिले की महत्वपूर्ण पहचान में शामिल है। लकड़ी पर बारीक नक्काशी और आकर्षक डिजाइन तैयार करने वाले कारीगरों को भी इस अंतरराष्ट्रीय व्यापारिक मंच पर अपने उत्पाद प्रदर्शित करने का मौका मिलेगा।
हॉल नंबर 14 में मै० एम०जी०ए० डिजाईन’ द्वारा वुडन हैंडीक्राफ्ट उत्पादों का प्रदर्शन किया जाएगा। इन उत्पादों में पारंपरिक काष्ठ कला के साथ आधुनिक डिजाइन का मेल देखने को मिल सकता है।
अंतरराष्ट्रीय खरीदारों के बीच भारतीय हस्तशिल्प की मांग को देखते हुए अमरोहा के काष्ठ शिल्पकारों के लिए यह आयोजन नए व्यापारिक अवसर पैदा कर सकता है। इससे स्थानीय स्तर पर तैयार होने वाले उत्पादों को बड़े बाजार और संभावित निर्यात नेटवर्क से जोड़ने का रास्ता खुल सकता है।
हॉल नंबर 15 में कंबलों की प्रदर्शनी
आगामी सर्दियों को देखते हुए वूलन सेक्टर के उत्पाद भी ट्रेड शो में आकर्षण का केंद्र रहेंगे। हॉल नंबर 15 में ‘मै० प्रकाश वुलेन’ द्वारा उच्च गुणवत्ता वाले कंबलों की प्रदर्शनी लगाई जाएगी।
कंबल और अन्य ऊनी उत्पादों के लिए सर्दियों के मौसम में मांग बढ़ती है। ऐसे में अंतरराष्ट्रीय और घरेलू खरीदारों के सामने इन उत्पादों को पेश करने का समय भी कारोबारियों के लिए महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
ट्रेड शो में उत्पादों का प्रदर्शन सिर्फ बिक्री तक सीमित नहीं रहेगा, बल्कि उद्यमियों को संभावित डिस्ट्रीब्यूटर, एक्सपोर्टर और कारोबारी साझेदारों से संपर्क बनाने का मौका भी मिलेगा।
1.10 लाख वर्ग मीटर में सजेगा ट्रेड शो
यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो-2026 का आयोजन करीब 1,10,000 वर्ग मीटर क्षेत्र में किया जा रहा है। इसमें देश-विदेश से बड़ी संख्या में कारोबारी, खरीदार, निवेशक और विजिटर्स पहुंचेंगे।
अमरोहा के उद्यमियों के लिए इसका सबसे बड़ा फायदा यह होगा कि उन्हें अपने उत्पादों को प्रदर्शित करने के लिए अलग-अलग बाजारों में जाने की जरूरत कम होगी। एक ही मंच पर संभावित खरीदारों से मुलाकात और व्यापारिक बातचीत का अवसर मिल सकेगा।
B2B यानी बिजनेस-टू-बिजनेस मीटिंग के माध्यम से छोटे और मध्यम उद्यमी बड़े कारोबारियों और एक्सपोर्टर्स के साथ संपर्क स्थापित कर सकते हैं। इससे भविष्य में बड़े ऑर्डर और नियमित सप्लाई के अवसर बनने की संभावना रहती है।
स्थानीय कारीगरों और रोजगार को मिल सकता है फायदा
अमरोहा के पारंपरिक उत्पादों को अगर बड़े बाजार मिलते हैं तो इसका असर केवल संबंधित कारोबारी तक सीमित नहीं रहेगा। ढोलक, वुडन हैंडीक्राफ्ट, हैंडलूम, टेक्सटाइल, नमकीन और वूलन उत्पादों की मांग बढ़ने पर स्थानीय स्तर पर उत्पादन बढ़ाने की जरूरत भी पड़ सकती है।
उत्पादन बढ़ने के साथ कारीगरों, पैकिंग, परिवहन, डिजाइनिंग और अन्य सहायक गतिविधियों में रोजगार के अवसर पैदा हो सकते हैं। इस तरह अंतरराष्ट्रीय व्यापार से जुड़ाव जिले के छोटे उद्योगों के लिए व्यापक आर्थिक अवसर पैदा कर सकता है।
इसके अलावा ‘यूपी निर्यात संवर्धन नीति 2025-30’ और ‘मार्केटिंग डेवलपमेंट असिस्टेंस स्कीम (MDAS)’ जैसी योजनाओं के जरिए भी जिले के उत्पादों को वैश्विक बाजार में ब्रांडिंग और मार्केटिंग का समर्थन मिलने की उम्मीद है।
युवाओं और नए उद्यमियों के लिए भी बड़ा अवसर
यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो केवल स्थापित कारोबारियों के लिए ही महत्वपूर्ण नहीं है। यह युवाओं, विद्यार्थियों, नवोन्मेषकों और नए उद्यमियों को भी बाजार की जरूरतों और अंतरराष्ट्रीय कारोबार को समझने का अवसर देता है।
जिला उद्योग प्रोत्साहन तथा उद्यमिता विकास केन्द्र, अमरोहा के उपायुक्त उद्योग अनूप कुमार श्रीवास्तव ने बताया कि यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो जिले के पारंपरिक दस्तकारों और नए उद्यमियों के लिए अंतरराष्ट्रीय बाजार का द्वार खोलने वाला आयोजन साबित हो सकता है।
उन्होंने जनपद के युवाओं, विद्यार्थियों, नवोन्मेषकों और भावी उद्यमियों से बड़ी संख्या में आयोजन में पहुंचने की अपील की है। उनका कहना है कि इससे नए संपर्क बनाने, नए बाजारों को समझने और अपनी प्रतिभा एवं क्षमता के अनुसार कारोबारी अवसर तलाशने में मदद मिलेगी।
वैश्विक बाजार में अमरोहा की नई पहचान की उम्मीद
अमरोहा के लिए यूपी इंटरनेशनल ट्रेड शो-2026 सिर्फ एक प्रदर्शनी नहीं, बल्कि स्थानीय उत्पादों को वैश्विक बाजार से जोड़ने का अवसर भी है। एक तरफ जीआई टैग वाली ढोलक जिले की पारंपरिक पहचान को दुनिया के सामने रखेगी, तो दूसरी तरफ सेव, हैंडलूम, वुडन क्राफ्ट और कंबल जैसे उत्पाद अमरोहा के विविध कारोबारी हुनर को प्रदर्शित करेंगे।
25 से 29 सितंबर तक ग्रेटर नोएडा में आयोजित होने वाले इस महामंच पर जिले के छह प्रमुख उद्यमी और इकाइयां अलग-अलग हॉल में अपने उत्पाद प्रदर्शित करेंगी। रूस, सिंगापुर, वियतनाम, ऑस्ट्रिया और जापान जैसे पार्टनर देशों की भागीदारी के बीच अमरोहा के उत्पादों को अंतरराष्ट्रीय खरीदारों तक पहुंचने का अवसर मिलेगा।
अगर इन उत्पादों को बड़े ऑर्डर, नए कारोबारी साझेदार और निर्यात बाजार मिलते हैं, तो इसका सीधा लाभ स्थानीय कारीगरों और छोटे उद्यमियों तक पहुंच सकता है। यही वजह है कि अमरोहा के पारंपरिक हुनर और स्थानीय उत्पादों के लिए यूपीआईटीएस-2026 एक महत्वपूर्ण वैश्विक मंच के रूप में देखा जा रहा है।
