सिरसा पुलिस ने टेलिग्राम एप से 90,300 रुपये की ठगी करने वाले दो आरोपियों को जोधपुर से गिरफ्तार किया  

ऐलनाबाद 22मार्च ( एम पी भार्गव ): जिला साइबर थाना पुलिस ने महत्वपूर्ण सूचना के आधार पर कार्रवाई करते हुए टेलिग्राम एप के माध्यम से ठगी करने वाले दो आरोपियों को राजस्थान के जोधपुर क्षेत्र से गिरफ्तार किया है। यह कार्रवाई गांव जोधकां निवासी एक व्यक्ति से 90,300 रुपये की साइबर ठगी के मामले में की गई । साइबर थाना प्रभारी ने बताया कि पीड़ित मोहित ने पुलिस को शिकायत दी कि 23 सितंबर 2025 को उसके मोबाइल नंबर पर एक अज्ञात कॉल आई। कॉल करने वाले व्यक्ति ने बताया कि टेलीग्राम एप के माध्यम से घर बैठे लाखों-करोड़ों रुपये कमाए जा सकते हैं। इसके लिए उन्हें कंपनी द्वारा बताए गए टास्क पूरे करने होंगे, और पूरा होते ही उनके खाते में पैसे ट्रांसफर कर दिए जाएंगे। कुछ समय बाद पीड़ित के मोबाइल नंबर पर एक टेलीग्राम लिंक आया। पीड़ित व्यक्ति ने जैसे ही लिंक पर क्लिक किया, जहां उसे टास्क पूरा कर मोटा मुनाफा कमाने के विज्ञापन दिखाई दिए । लालच में आकर पीड़ित ने 90,300 रुपये का निवेश किया । पीड़ित व्यक्ति ने बताया कि जब वह पैसे निकालने के लिए लिंक पर गया, तो टेलीग्राम एप पूरी तरह बंद हो गया। इसके बाद पीड़ित को एहसास हुआ कि वह साइबर ठगी का शिकार हो चुका था । पीड़ित की शिकायत पर साइबर थाना सिरसा पुलिस ने मामला दर्ज कर जाँच शुरू की। जाँच के दौरान साइबर थाना सिरसा की एक पुलिस टीम ने महत्वपूर्ण सुराग जुटाए और घटना में संलिप्त दो आरोपी आकाश पुत्र किशोर कुमार निवासी वार्ड नं. 42, सिविल एयरपोर्ट रोड, पाबू पूरा, थाना एयरपोर्ट, जिला जोधपुर और दशरथ पुत्र बस्ती राम निवासी हनुमान नगर, झालामंड, थाना कुड़ी भगतासनी, जिला जोधपुर शामिल हैं। साइबर थाना प्रभारी ने बताया कि आरोपियों को गिरफ्तार कर अदालत में पेश किया गया, जहां उन्हें न्यायिक हिरासत में जेल भेज दिया गया। उन्होंने कहा कि मामले की जांच जारी है और जांच के दौरान जो भी व्यक्ति ठगी के इस नेटवर्क में संलिप्त पाया जाएगा, उसके खिलाफ कानूनी कार्रवाई की जाएगी। सिरसा पुलिस ने जनता से अपील की है कि किसी भी ऑनलाइन लिंक, निवेश या टेलीग्राम ऑफर में लालच में न आएं और किसी भी संदिग्ध गतिविधि की सूचना तुरंत नजदीकी पुलिस थाना या साइबर क्राइम पुलिस स्टेशन को दें।

About The Author

Leave A Reply

Your email address will not be published.