बरेली मंडल को नई रेल सेवा की सौगात, 15312/15311 कासगंज–ऐशबाग एक्सप्रेस का होगा शुभारंभ
पूर्वोत्तर रेलवे के इज्जतनगर मंडल में 26 जुलाई से कासगंज–ऐशबाग एक्सप्रेस का शुभारंभ होगा। केंद्रीय मंत्री बी.एल. वर्मा और जितिन प्रसाद उद्घाटन विशेष ट्रेन को हरी झंडी दिखाएंगे। नई रेल सेवा से बरेली, बदायूं, पीलीभीत, लखीमपुर और लखनऊ के बीच कनेक्टिविटी व यात्रियों की सुविधा में बड़ा सुधार होगा।
बरेली। यात्रियों की सुविधा और बेहतर रेल कनेक्टिविटी को बढ़ावा देने के उद्देश्य से पूर्वोत्तर रेलवे के इज्जतनगर मंडल को एक नई रेल सेवा की सौगात मिलने जा रही है। 26 जुलाई 2026 को 15312/15311 कासगंज–ऐशबाग–कासगंज एक्सप्रेस का शुभारंभ उद्घाटन विशेष ट्रेन संख्या 05018 को हरी झंडी दिखाकर किया जाएगा।
उझानी रेलवे स्टेशन पर आयोजित समारोह में केंद्रीय राज्य मंत्री बी.एल. वर्मा मुख्य अतिथि के रूप में शामिल होंगे। उनके साथ बदायूं के सांसद आदित्य यादव, बिल्सी विधायक हरीश चंद्र शाक्य और विधान परिषद सदस्य वागीश पाठक भी मौजूद रहेंगे।
वहीं, पूरनपुर रेलवे स्टेशन पर आयोजित कार्यक्रम में केंद्रीय राज्य मंत्री जितिन प्रसाद, विधायक बाबूराम पासवान और विधान परिषद सदस्य डॉ. सुधीर गुप्ता उद्घाटन समारोह में शामिल होंगे।
इस अवसर पर इज्जतनगर मंडल की मंडल रेल प्रबंधक वीणा सिन्हा, अपर मंडल रेल प्रबंधक मनोज कुमार, रेलवे के वरिष्ठ अधिकारी, जनप्रतिनिधि और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक भी उपस्थित रहेंगे।
ऐसा रहेगा उद्घाटन विशेष ट्रेन का रूट
उद्घाटन विशेष ट्रेन संख्या 05018 दोपहर 12:00 बजे उझानी से रवाना होगी और बदायूं, बरेली, इज्जतनगर, पीलीभीत, पूरनपुर, मैलानी, गोला गोकर्णनाथ, लखीमपुर, सीतापुर, सिधौली और मोहिबुल्लापुर होते हुए रात 9:10 बजे ऐशबाग जंक्शन पहुंचेगी।
16 एलएचबी कोचों से होगी संचालित
नई एक्सप्रेस ट्रेन 16 आधुनिक एलएचबी कोचों के साथ चलेगी। इसमें एक पावर कार, एक एसएलआर कोच, चार सामान्य द्वितीय श्रेणी कोच, नौ नॉन-एसी चेयर कार और एक वातानुकूलित चेयर कार शामिल हैं।
यात्रियों और व्यापार को मिलेगा लाभ
रेलवे के अनुसार, इस नई रेल सेवा से छात्रों, किसानों, व्यापारियों, नौकरीपेशा लोगों, श्रद्धालुओं और पर्यटकों को तेज, सुरक्षित और आरामदायक यात्रा का लाभ मिलेगा। साथ ही बरेली, बदायूं, पीलीभीत, लखीमपुर खीरी, सीतापुर और लखनऊ के बीच बेहतर कनेक्टिविटी से क्षेत्रीय व्यापार, पर्यटन, शिक्षा और सामाजिक-आर्थिक विकास को भी नई गति मिलने की उम्मीद है।
