बाराबंकी के लोधेश्वर महादेव कॉरिडोर को मिली मंजूरी, सीएम योगी बोले- सनातन की विरासत ही भारत की पहचान
- रिपोर्ट- कपिल सिंह
बाराबंकी। हमने भारत की विरासत के प्रतीक, बाराबंकी की पहचान ‘भगवान लोधेश्वर महादेव मंदिर‘ के कॉरिडोर के लिए भी धनराशि स्वीकृत कर दी है। यह बात उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बाराबंकी के महादेव स्थित भगवान श्री लोधेश्वर महादेव कॉरिडोर के लिए 542 करोड़ से अधिक लागत की 82 विकास परियोजनाओं का लोकार्पण एवं शिलान्यास कार्यक्रम के दौरान अपने उद्बोधन में कहीं ।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा विरासत,सनातन धर्म की पहचान है। याद रखना,इसी विरासत के संरक्षण, सनातन मूल्यों की रक्षा करने के लिए अलग अलग समय मे अलग अलग महापुरुषों ने अपना योगदान दिया।
देश को गुलामी से मुक्त करने के लिए महाराजा बिजली पासी ने किया काम
राजा बलभद्र सिंह, लाखन पासी ने यही काम किया था। देश को गुलामी से मुक्त करने के लिए महाराजा बिजली पासी ने यही काम किया था। यही योगदान दिया था महाराज सुहेलदेव, और महाराणा प्रताप ने,छत्रपति शिवाजी महराज और गुरु गोबिंद सिंह जी महराज ने। सीएम योगी आदित्यनाथ ने कहा कि आज हम उन्हें इसी लिए याद करते हैं कि उन्होंने देश की स्वाधीनता को बनाये रखने के लिए योगदान दिया।
हमने भारत की विरासत के प्रतीक, बाराबंकी की पहचान ‘भगवान लोधेश्वर महादेव मंदिर’ के कॉरिडोर के लिए भी धनराशि स्वीकृत कर दी है। उन्होंने कहा कि भगवान लोधेश्वर महादेव का जो कॉरिडोर बन रहा है। यह वही पैसा है, जिसे ‘वे लोग’ पहले कब्रिस्तान के नाम पर डायवर्ट कर देते थे । उन्होंने कहा कि ‘सनातन’ सुरक्षित है तो हम सब सुरक्षित हैं अगर ‘सनातन’ के ऊपर कोई खतरा आएगा तो कोई बच नहीं पाएगा।
‘भगवान लोधेश्वर महादेव मंदिर’ के कॉरिडोर के लिए भी धनराशि स्वीकृत
मुख्यमंत्री ने कहा सपा-कांग्रेस के समय कब्रिस्तान की बाउंड्री वाल बनाना और कांवड़ यात्रा, रामनवमी की शोभा यात्रा व जन्माष्टमी पर प्रतिबंध ही ‘धर्मनिरपेक्षता’ का मानक था। हमें ऐसी धर्मनिरपेक्षता को उखाड़-फेंककर सनातन की सुदृढ़ भूमि पर एक सुरक्षित भारत के निर्माण की दिशा में आगे बढ़ना पड़ेगा। हमने भारत की विरासत के प्रतीक, बाराबंकी की पहचान ‘भगवान लोधेश्वर महादेव मंदिर’ के कॉरिडोर के लिए भी धनराशि स्वीकृत कर दी है।
उन्होंने कहा समाजवादी पार्टी के समय में हॉकी के महान खिलाड़ी के. डी. सिंह बाबू की हवेली तक बिकने की नौबत आ गई थी। हमने कहा कि उनकी हवेली नहीं बिकेगी, सरकार पैसा चुकाकर उनकी स्मृति को पुनर्जीवित करेगी। सरकार का स्पष्ट सिद्धांत है सरकार बिना भेदभाव के गरीब, दलित, वंचित, किसान, महिला सहित समाज के प्रत्येक तबके के लिए कार्य करेगी।
