जम्मू-हरिद्वार के बीच चलेगी विशेष ट्रेन, सोमवती अमावस्या पर श्रद्धालुओं को बड़ी राहत
केंद्रीय मंत्री जितेंद्र सिंह ने रेल मंत्रालय का जताया आभार, लंबे समय से उठ रही थी मांग
केंद्रीय विज्ञान एवं प्रौद्योगिकी राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) जितेंद्र सिंह ने जम्मू-कश्मीर के श्रद्धालुओं के लिए बड़ी राहत की घोषणा करते हुए बताया कि सोमवती अमावस्या के अवसर पर जम्मू और हरिद्वार के बीच विशेष ट्रेन चलाई जाएगी। उन्होंने इस मांग को मंजूरी देने के लिए रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव का आभार व्यक्त किया।
मंगलवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर जानकारी साझा करते हुए जितेंद्र सिंह ने कहा कि जम्मू, कठुआ और हीरानगर क्षेत्र के लोगों की लंबे समय से चली आ रही मांग को रेलवे मंत्रालय ने स्वीकार कर लिया है।
श्रद्धालुओं को मिलेगा सीधा लाभ
केंद्रीय मंत्री ने कहा कि विशेष ट्रेन सेवा शुरू होने से बड़ी संख्या में श्रद्धालु हरिद्वार पहुंचकर गंगा स्नान और धार्मिक अनुष्ठानों में भाग ले सकेंगे। उन्होंने इसे क्षेत्र के लोगों के लिए एक महत्वपूर्ण सुविधा बताया।
जितेंद्र सिंह ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में पिछले 12 वर्षों के दौरान क्षेत्र की अधिकांश महत्वपूर्ण मांगों को पूरा किया गया है और यह फैसला भी उसी दिशा में एक अहम कदम है।
रेल मंत्री को पत्र लिखकर की थी मांग
जितेंद्र सिंह ने बताया कि उन्होंने 3 जून 2026 को रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव को पत्र लिखकर विशेष ट्रेन चलाने का अनुरोध किया था। उन्होंने अपने पत्र की प्रति भी सार्वजनिक की।
पत्र में उल्लेख किया गया था कि स्वच्छ भारत अभियान से जुड़े राज्य कार्यकारी सदस्य प्रेम नाथ डोगरा ने स्थानीय श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए विशेष ट्रेन चलाने की मांग रखी थी। इसके बाद रेल मंत्रालय से इस संबंध में सकारात्मक निर्णय लेने का आग्रह किया गया।
14 और 15 जून को प्रस्तावित है विशेष सेवा
केंद्रीय मंत्री के अनुसार, प्रस्ताव के तहत 14 जून को जम्मू से हरिद्वार और 15 जून को हरिद्वार से जम्मू के लिए विशेष ट्रेन चलाने की मांग की गई थी। इसका उद्देश्य सोमवती अमावस्या के दौरान श्रद्धालुओं को सुगम यात्रा सुविधा उपलब्ध कराना है।
सोमवती अमावस्या का है विशेष महत्व
हिंदू धर्म में सोमवती अमावस्या का विशेष धार्मिक महत्व माना जाता है। इस दिन बड़ी संख्या में श्रद्धालु गंगा स्नान, पूजा-पाठ और दान-पुण्य के लिए हरिद्वार जैसे प्रमुख तीर्थ स्थलों की यात्रा करते हैं। ऐसे अवसरों पर अतिरिक्त रेल सेवाएं यात्रियों की सुविधा और भीड़ प्रबंधन में महत्वपूर्ण भूमिका निभाती हैं।
