- रिपोर्ट: कपिल सिंह
बाराबंकी: जनपद में संचालित नियमित टीकाकरण कार्यक्रमों की गुणवत्ता, उपलब्धता एवं प्रभावी क्रियान्वयन का जायजा लेने हेतु जिलाधिकारी ईशान प्रताप सिंह ने बुधवार को शहर स्थित विभिन्न टीकाकरण केंद्रों का औचक निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान जिलाधिकारी ने टीकाकरण सत्र में उपस्थित आशा बहुओं, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, एएनएम से संवाद कर टीकाकरण व्यवस्था, गर्भवती महिलाओं की जांच एवं बच्चों के स्वास्थ्य संबंधी व्यवस्थाओं की जानकारी प्राप्त की।
जिलाधिकारी ने आशा कार्यकर्ताओं से उनके क्षेत्र में चिन्हित नवजात शिशुओं एवं गर्भवती महिलाओं की जानकारी ली तथा निर्देशित किया कि प्रत्येक आशा कार्यकर्ता के पास एक व्यवस्थित रजिस्टर होना चाहिए, जिसमें गर्भधारण के समय से लेकर प्रसव तथा उसके पश्चात शिशु को लगाए जाने वाले सभी टीकों एवं स्वास्थ्य जांचों का सम्पूर्ण विवरण अंकित रहे। उन्होंने कहा कि सभी स्वास्थ्य कार्यकर्ताओं को अपने क्षेत्र के प्रत्येक बच्चे एवं गर्भवती महिला की अद्यतन जानकारी होनी चाहिए, जिससे कोई भी लाभार्थी टीकाकरण एवं स्वास्थ्य सेवाओं से वंचित न रह जाए।

जिलाधिकारी ने निर्देश दिए कि नियमित रूप से सैम एवं मैम श्रेणी के बच्चों की स्वास्थ्य जांच एवं सतत निगरानी की जाए। साथ ही बच्चों के पोषण स्तर की भी नियमित समीक्षा सुनिश्चित की जाए ताकि कुपोषण की स्थिति को समय रहते चिन्हित कर आवश्यक उपचार एवं पोषण सहायता उपलब्ध कराई जा सके। उन्होंने कहा कि शहरी क्षेत्रों में ड्यू लिस्ट के अनुसार लाभार्थियों को समय से सूचना देकर टीकाकरण केंद्रों तक लाने की व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। साथ ही वार्ड स्तर पर पार्षदों, स्थानीय जनप्रतिनिधियों एवं समुदाय के सहयोग से व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाकर अधिक से अधिक लोगों को टीकाकरण एवं स्वास्थ्य जांच के लिए प्रेरित किया जाए।
जिलाधिकारी ने आशा बहुओं, आंगनबाड़ी कार्यकर्ताओं, एएनएम एवं स्वास्थ्य विभाग की टीम द्वारा किए जा रहे कार्यों की सराहना करते हुए कहा कि स्वास्थ्य कर्मियों की सक्रियता एवं प्रतिबद्धता से ही शासन की स्वास्थ्य योजनाओं का लाभ अंतिम व्यक्ति तक पहुंच रहा है।
