मिर्जापुर में PRV सिपाही पर महिला से बदसलूकी का आरोप, वीडियो वायरल होने पर पुलिस की भूमिका सवालों में
मिर्जापुर/लालगंज: मुख्यमंत्री आवास योजना के तहत मकान बनवा रही एक गरीब महिला के साथ कथित मारपीट और अभद्रता का मामला सामने आया। PRV 112 के सिपाही अमरपाल पर महिला से धक्का-मुक्की और मोबाइल छीनने की कोशिश का आरोप है, जिसका वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। हालांकि, पुलिस ने प्रेस नोट जारी कर मारपीट की घटना से इनकार किया है।
वायरल वीडियो और पुलिस का बयान आमने-सामने
वायरल वीडियो में सिपाही द्वारा महिला को रोकते और मोबाइल छीनने की कोशिश करते हुए देखा जा सकता है। वहीं पुलिस का कहना है कि “मारपीट की बात असत्य है”। लेकिन अपने ही बयान में पुलिस ने यह स्वीकार किया कि सिपाही ने महिला को वीडियो बनाने से रोका था, जिससे सवाल खड़े हो रहे हैं।

वीडियो बनाने से रोकना बना विवाद का केंद्र
कानूनी जानकारों के अनुसार, सार्वजनिक स्थान पर पुलिस की कार्रवाई को रिकॉर्ड करना नागरिक का अधिकार है। ऐसे में महिला को वीडियो बनाने से रोकना खुद में गंभीर प्रश्न खड़ा करता है।
जमीन विवाद पर भी उठे सवाल
पीड़िता कंचन देवी, पत्नी नंदलाल, निवासी ग्राम तेंदुआ खुर्द के पास वन अधिकार अधिनियम 2006 के तहत वैध पट्टा होने का दावा किया गया है। वन विभाग और लेखपाल द्वारा दो बार जमीन की पैमाइश भी हो चुकी है, जिसमें निर्माण कार्य पट्टे की सीमा के भीतर पाया गया। इसके बावजूद पुलिस ने जमीन को “वन विभाग की” बताते हुए मामले को संदिग्ध बना दिया है।
पीड़ित परिवार पर ही कार्रवाई
मामले में चौंकाने वाली बात यह रही कि वीडियो बनाने वाली महिला और उसके परिवार पर ही BNSS की धारा 126/135 के तहत शांति भंग की कार्रवाई कर दी गई, जबकि आरोपी सिपाही को क्लीन चिट दे दी गई। स्थानीय लोगों का आरोप है कि यह कार्रवाई एकतरफा है।
सिपाही की कथित धमकी भी वायरल
वीडियो में सिपाही अमरपाल कथित तौर पर धमकी देते हुए कहता सुनाई दे रहा है कि “कहीं शिकायत करोगे तो भी मेरा कोई कुछ नहीं बिगाड़ पाएगा।” ग्रामीणों का आरोप है कि सिपाही पहले भी इस तरह के व्यवहार के लिए चर्चित रहा है।
उठ रहे हैं कई बड़े सवाल
अगर मारपीट नहीं हुई तो महिला को वीडियो बनाने से क्यों रोका गया?
सार्वजनिक स्थान पर रिकॉर्डिंग को अपराध क्यों माना गया?
दो बार पैमाइश के बाद भी जमीन को विवादित क्यों बताया जा रहा है?
पीड़ित महिला और उसके परिवार पर ही कार्रवाई क्यों की गई?
पीड़िता की मांग
कंचन देवी ने CO लालगंज से आरोपी सिपाही अमरपाल के खिलाफ BNS की धारा 74, 131 और 351 के तहत FIR दर्ज कर तत्काल निलंबन की मांग की है। साथ ही मुख्यमंत्री आवास योजना के तहत उनके मकान का निर्माण बिना बाधा जारी रखने की मांग भी की गई है।
घटना का वीडियो वायरल होने के बाद लोगों में पुलिस की कार्यशैली को लेकर भारी नाराजगी देखी जा रही है। अब सबकी नजर प्रशासनिक कार्रवाई पर टिकी है। लोगों को उम्मीद है कि जल्द ही प्रशासन मामलें को लेकर कोई सकारात्मक कदम उठाएगी।

Viral vedio

Is police vale ko saspent karo
Ispe karyvahi honi chahiye police wale ko saspent karo