श्रीमद् भागवत कथा: पंचम दिवस – गोवर्धन पूजा, छप्पन भोग और पत्रकार सम्मान की भव्यता

ऐलनाबाद, 24 दिसंबर( एम पी भार्गव ) ऐलनाबाद धर्मनगरी में श्रीमद् भागवत गीता शक्तिपीठ केंद्र, कुरुक्षेत्र के तत्वावधान में आयोजित कथा के पांचवें दिन भक्ति का अनुपम आनंद बरसा। आज का दिन प्रकृति पूजा, सामूहिक उल्लास और समाज के सजग प्रहरियों के सम्मान को समर्पित रहा।
गायत्री समरसता महायज्ञ: आध्यात्मिक शुद्धिकरण
* दिन का शुभारंभ *सतीश लढ़ा के निजी निवास पर आयोजित दिव्य गायत्री यज्ञ से हुआ।
महत्व: यज्ञ से न केवल वातावरण शुद्ध होता है, बल्कि सामूहिक आहुतियां समाज में समरसता और सुख-समृद्धि का संचार करती हैं।
* राम भक्त मंडल का आत्मीय अभिनंदन
विवरण: कथा के आरंभ में राम भक्त मंडल का विशेष सम्मान किया गया।
महत्व: भक्ति के मार्ग पर चलने वाले सेवाभावी समूहों का उत्साहवर्धन करना समाज की आध्यात्मिक जड़ों को मजबूत करना है।
. गोवर्धन पूजा, नंदोत्सव और छप्पन भोग दर्शन
विवरण: कथा पांडाल में बड़े ही हर्षोल्लास के साथ नंदोत्सव मनाया गया। इसके साथ ही गिरिराज गोवर्धन पूजा संपन्न हुई और भगवान को छप्पन भोग का भव्य दर्शन करवाया गया।
महत्व: गोवर्धन पूजा हमें प्रकृति (पर्वत, जल, वृक्ष) के संरक्षण का संदेश देती है। छप्पन भोग प्रभु के प्रति अटूट श्रद्धा और समर्पण का प्रतीक है।
. लोकतंत्र के चौथे स्तंभ ‘पत्रकार जगत’ का विशेष सम्मान
आज विशेष रूप से ऐलनाबाद के प्रबुद्ध पत्रकारों की टीम का सम्मान किया गया।
सम्मानित पत्रकार: रमेश भार्गव,सुरजीत स्वामी , धर्मवीर मौर्य,प्रदीप घुना, शिव कुमार , दीपक , बंशी ब्यावत , सुखदेव कुंदला।
महत्व: समाज की सच्चाई को निर्भीकता से सामने रखने वाले कलम के सिपाहियों का सम्मान करना उनके सेवा भाव के प्रति कृतज्ञता प्रकट करना है।
समाजसेवी एवं मातृशक्ति सम्मान
विवरण: प्रसिद्ध समाजसेवी श्री अंजनी जी लढ़ा एवं श्री एम.पी. तंवर जी का अभिनंदन किया गया। इसके साथ ही कथा में उपस्थित मातृशक्ति का भी संस्था द्वारा विशेष सम्मान किया गया।
महत्व: दान और सेवा के माध्यम से समाज को नई दिशा देने वाले व्यक्तित्वों और संस्कारों की वाहक महिलाओं का सम्मान समाज को प्रगतिशील बनाता है।
. मुख्य आरती के यजमान
मुख्य यजमान: आज की पावन आरती के मुख्य यजमान सुप्रसिद्ध समाजसेवी और अरोड़ा वंश समाज के प्रधान श्री दीपक जी अरोड़ा रहे।
संस्था का दिव्य संकल्प एवं आगामी सूचना
मौन साधना: पूज्य महंत जी 19 दिसंबर 2025 से 03 जनवरी 2026 तक प्रयाग तीर्थराज में ‘मौन साधना’ पर रहेंगे।
गौ-सेवा: महाराज जी का लक्ष्य हर जेल में गौशाला खुलवाना और गरीब कन्याओं की शिक्षा में सहयोग करना है।
शोभा यात्रा: 25 दिसंबर को राम मंदिर से श्री गौशाला तक भव्य शोभा यात्रा निकाली जाएगी।

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