Ration Irregularities In Rampur: राशन धांधली पर सोशल एक्टिविस्ट फवाद ख़ान की मुहिम लायी रंग
स्टॉक में गेहूं-चावल का अंतर और अभिलेखों में मिली खामियां, जिला पूर्ति अधिकारी पूरन सिंह चौहान ने जारी किए आदेश
Action Against Ration Irregularities: जिले में सार्वजनिक वितरण प्रणाली के तहत राशन वितरण में अनियमितताओं और निर्धारित नियमों की अनदेखी के मामले में प्रशासन ने कार्रवाई की है। जिला पूर्ति अधिकारी पूरन सिंह चौहान ने जांच रिपोर्ट और संबंधित विक्रेताओं के स्पष्टीकरण का परीक्षण करने के बाद दो उचित दर विक्रेताओं के अनुबंध तत्काल प्रभाव से निरस्त कर दिए हैं। साथ ही, दोनों विक्रेताओं की 10-10 हजार रुपये की जमानत राशि शासन के पक्ष में जब्त करने के आदेश दिए गए हैं।
कार्रवाई घेर इनायत खां, पुराना गंज की उचित दर विक्रेता रफत जहां और बजरिया मुल्ला जरीफ के उचित दर विक्रेता सैय्यद आफताब अली के विरुद्ध की गई है। जांच के दौरान राशन दुकानें बंद मिलने, स्टॉक में अंतर और जरूरी अभिलेख उपलब्ध न होने जैसी खामियां सामने आईं।
Ration Irregularities In Rampur: गेहूं-चावल के स्टॉक में मिला अंतर
जांच के अनुसार, घेर इनायत खां, पुराना गंज स्थित उचित दर विक्रेता रफत जहां की दुकान निरीक्षण के दौरान बार-बार बंद मिली। खाद्यान्न के स्टॉक का मिलान करने पर 54 किलोग्राम गेहूं अधिक और 27 किलोग्राम चावल कम पाया गया।
जांच में स्टॉक रजिस्टर का सत्यापन नहीं मिला और वितरण प्रमाण-पत्र भी उपलब्ध नहीं कराया गया। इसके अतिरिक्त, रफत जहां के पुत्र मुराद कलीम खां के सभासद निर्वाचित होने के बावजूद दुकान का अनुबंध समर्पित नहीं किए जाने का मामला भी सामने आया।
Ration Irregularities In Rampur: अभिलेखों में मिलीं खामियां
बजरिया मुल्ला जरीफ स्थित उचित दर विक्रेता सैय्यद आफताब अली की दुकान की जांच में भी कई अनियमितताएं सामने आईं। दुकान पर आवश्यक सूचनाएं, निरीक्षण पुस्तिका और शिकायत पुस्तिका उपलब्ध नहीं मिलीं। स्टॉक रजिस्टर के सत्यापन तथा वितरण प्रमाण-पत्र से जुड़े नियमों का पालन भी नहीं पाया गया।
खाद्यान्न के मिलान में गेहूं अधिक और चावल कम मिला। इसके अलावा, दुकान पर दो ई-वेइंग मशीनें भी पाई गईं। जांच के दौरान टीम के साथ दुर्व्यवहार और सरकारी कार्य में बाधा डालने के आरोप भी सामने आए।
Ration Irregularities In Rampur: अनुबंध निरस्त, जमानत राशि जब्त
जिला पूर्ति अधिकारी पूरन सिंह चौहान ने जांच रिपोर्ट और विक्रेताओं के स्पष्टीकरण का परीक्षण करने के बाद दोनों उचित दर दुकानों के अनुबंध निरस्त करने के आदेश जारी किए। प्रत्येक विक्रेता की 10 हजार रुपये की जमानत राशि भी शासन के पक्ष में जब्त करने का निर्णय लिया गया है।
इस प्रकार दोनों मामलों में कुल 20 हजार रुपये की जमानत राशि जब्त की गई है। प्रशासन की इस कार्रवाई का उद्देश्य सार्वजनिक वितरण प्रणाली में निर्धारित नियमों का पालन सुनिश्चित करना और राशन वितरण व्यवस्था को पारदर्शी बनाए रखना है।
