जर्मनी की झील में डूबने से पंजाबी युवक हर्षप्रीत की दर्दनाक मौत
एक साल पहले पिता से मिलने गया था जर्मनी, परिवार का इकलौता बेटा हमेशा के लिए बिछड़ा
-पार्थिव शरीर भारत लाने के लिए परिवार ने अमित शाह और मुख्यमंत्री भगवंत मान से लगाई गुहार
-ब्यास के पास स्थित गांव बुद्धा थेह में शोक की लहर, ग्रामीणों ने भी सरकार से की मदद की अपील
- रिपोर्ट: ललित शर्मा
ब्यास के नजदीक स्थित गांव बुद्धा थेह से एक बेहद दुखद खबर सामने आई है। गांव के रहने वाले युवक हर्षप्रीत की जर्मनी में एक झील में डूबने से मौत हो गई। इस दर्दनाक हादसे के बाद परिवार पर दुखों का पहाड़ टूट पड़ा है, जबकि पूरे गांव में शोक का माहौल है।
जानकारी के अनुसार हर्षप्रीत करीब एक साल पहले अपने पिता से मिलने जर्मनी गया था। उसके पिता पिछले सात वर्षों से जर्मनी में रह रहे हैं। बताया जा रहा है कि हर्षप्रीत अपने कुछ दोस्तों के साथ एक झील में नहाने गया था। इसी दौरान वह गहरे पानी में डूब गया और उसकी मौत हो गई। इस अचानक हुई घटना से परिवार को गहरा सदमा पहुंचा है।

मृतक की माता ने रोते हुए बताया कि हर्षप्रीत परिवार का इकलौता बेटा था और पूरे परिवार की उम्मीदें उसी से जुड़ी हुई थीं। उन्होंने भारत सरकार और पंजाब सरकार से भावुक अपील करते हुए कहा कि उनके बेटे का पार्थिव शरीर जल्द से जल्द भारत लाने में मदद की जाए, ताकि परिवार धार्मिक रीति-रिवाजों के अनुसार उसका अंतिम संस्कार कर सके।

परिवार ने देश के गृह मंत्री अमित शाह और पंजाब के मुख्यमंत्री सरदार भगवंत सिंह मान से भी गुहार लगाई है कि इस कठिन समय में उनकी मदद की जाए और हर्षप्रीत के पार्थिव शरीर को जल्द भारत लाने के लिए आवश्यक कार्रवाई की जाए।
इस दुखद घटना के बाद गांव बुद्धा थेह में शोक की लहर दौड़ गई है। ग्रामीणों ने भी सरकार से मांग की है कि परिवार की हर संभव सहायता की जाए और हर्षप्रीत के पार्थिव शरीर को जल्द भारत लाने की प्रक्रिया पूरी करवाई जाए। हर्षप्रीत की मौत से न केवल उसका परिवार, बल्कि पूरा इलाका गहरे शोक में डूबा हुआ है।
