लखीसराय(सरफराज आलम)लखीसराय जिले में 9 से 23 अप्रैल 2026 तक संचालित “पोषण पखवाड़ा” के तहत विभिन्न आंगनबाड़ी केंद्रों पर बच्चों, महिलाओं एवं समुदाय की भागीदारी से कई जागरूकता एवं शिक्षण गतिविधियों का आयोजन किया जा रहा है। इस अभियान की निगरानी जिला प्रोग्राम पदाधिकारी के निर्देशन में लगातार की जा रही है।
आंगनबाड़ी केंद्रों पर बच्चों के लिए खेल-आधारित शिक्षण गतिविधियों का आयोजन किया गया। इसमें बच्चों को फल एवं सब्जियों के चित्र दिखाकर उनकी पहचान कराई गई, जिससे उनके बौद्धिक विकास के साथ-साथ पोषण के प्रति समझ भी विकसित हो रही है। सेविकाएं सरल और रोचक तरीके से संतुलित आहार के महत्व को समझा रही हैं।
इसके अलावा, बच्चों को झुकना, उठना और कूदना जैसी शारीरिक गतिविधियों के जरिए व्यायाम कराया गया। यह पहल प्रारंभिक उत्तेजना (Early Stimulation) और खेल-आधारित शिक्षा का हिस्सा है, जिससे बच्चों के शारीरिक विकास को बढ़ावा मिल रहा है।
इसी क्रम में आंगनबाड़ी केंद्रों पर “पोषण चौपाल” का आयोजन भी किया गया, जिसमें महिलाओं और बच्चों की सक्रिय भागीदारी देखने को मिली। रंगोली के माध्यम से संतुलित आहार में शामिल खाद्य पदार्थों को प्रदर्शित कर माताओं को पोषण के प्रति जागरूक किया गया।
कार्यक्रम के दौरान गर्भवती और धात्री माताओं को सही पोषण, शिशु देखभाल, स्तनपान के महत्व और स्वस्थ जीवनशैली अपनाने के बारे में जानकारी दी गई। साथ ही कुपोषण से बचाव के उपायों पर भी चर्चा की गई।जिला प्रशासन का कहना है कि इस अभियान के जरिए बच्चों के समग्र विकास और कुपोषण उन्मूलन की दिशा में प्रभावी प्रयास किए जा रहे हैं।
