रामपुर: तहसील बिलासपुर स्थित ग्राम बेगमाबाद में इफको द्वारा रबी फसल उत्पादकता वृद्धि हेतु विचार गोष्ठी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रूप में कृषि, कृषि शिक्षा एवं कृषि अनुसंधान राज्यमंत्री बलदेव सिंह औलख ने प्रतिभाग किया। राज्यमंत्री ने किसानों द्वारा उर्वरकों के असंतुलित एवं अत्यधिक प्रयोग पर चिंता व्यक्त करते हुए नैनो यूरिया एवं नैनो डीएपी के उपयोग का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि भारत सरकार का लक्ष्य रासायनिक उर्वरकों पर निर्भरता कम कर पर्यावरण-अनुकूल विकल्प अपनाना है। उन्होंने न्यूनतम समर्थन मूल्य में वृद्धि, शत-प्रतिशत खरीद एवं ग्राम स्तर पर मृदा परीक्षण प्रयोगशालाएं स्थापित किए जाने की जानकारी दी। इफको के राज्य विपणन प्रबंधक यतेन्द्र कुमार तेवतिया ने बताया कि आवश्यकता से अधिक यूरिया का प्रयोग मृदा की उर्वरता एवं उत्पादन क्षमता को प्रभावित करता है। प्रति एकड़ दो बोरी यूरिया एवं नैनो यूरिया/नैनो डीएपी का उपयोग उत्पादन वृद्धि एवं रोग-कीट नियंत्रण में सहायक है। कृषि विज्ञान केन्द्र के वैज्ञानिक डॉ.नरेंद्र सिंह ने तरल जैव उर्वरक एनपीके कन्सोर्टिया के उपयोग से किसानों को लाभान्वित होने की जानकारी दी। कार्यक्रम में जिला सहकारी बैंक अध्यक्ष मोहन लाल सैनी ने सहकारिता योजनाओं की जानकारी दी। उप कृषि निदेशक राम किशन सिंह एवं जिला कृषि अधिकारी कुलदीप सिंह राणा ने उर्वरकों की पर्याप्त उपलब्धता की जानकारी प्रदान की। इफको प्रतिनिधि हरीश गंगवार ने फसलों हेतु कीटनाशक एवं रोगनाशक दवाओं के विषय में अवगत कराया। इस अवसर पर नैनो उर्वरकों के सफल उपयोग करने वाले 10 कृषकों को राज्यमंत्री द्वारा सम्मानित किया गया। कार्यक्रम में इफको उप महाप्रबंधक शैलेन्द्र सिंह, उप क्षेत्र प्रबंधक जे.ए. रावत, उप क्षेत्र प्रबंधक यशवीर सिंह सहित बड़ी संख्या में कृषक उपस्थित रहे।
