नयी पहल: 80054 41222 पर ‘हाय’ भेजें, व्हाट्सएप पर ही मिलेंगी ड्राइविंग लाइसेंस और चालान समेत 12 से ज्यादा सेवाएं
• आरटीओ दफ्तर के झंझट से मुक्ति, ‘डिजिटल इंडिया’ के तहत ‘वाहन’ और ‘सारथी’ पोर्टल से जुड़ा यह नया चैटबॉट
• गाड़ी का ट्रांसफर, रोड टैक्स, परमिट और फिटनेस की सटीक जानकारी अब 24 घंटे सीधे मोबाइल पर, चालान जमा करने में भी मिलेगी मदद
Rampur: रामपुर जिले के लोगों को अब आरटीओ दफ्तर की लंबी लाइनों और दलालों के चक्कर से बड़ी राहत मिलने वाली है। ‘डिजिटल इंडिया’ अभियान को रफ्तार देते हुए, उत्तर प्रदेश परिवहन विभाग ने जनता की सहूलियत के लिए एक स्मार्ट पहल की शुरुआत की है। अब 80054 41222 नंबर पर व्हाट्सएप के जरिए 24 घंटे परिवहन विभाग की सेवाएं उपलब्ध होंगी। लोग अपने मोबाइल में यह नंबर सेव करके सिर्फ एक ‘हाय’ या ‘नमस्ते’ भेजकर घर बैठे ड्राइविंग लाइसेंस, गाड़ी की आरसी, ई-चालान का स्टेटस और टैक्स जमा करने जैसी एक दर्जन से ज्यादा सुविधाओं का फायदा उठा सकते हैं। एआरटीओ राजेश कुमार श्रीवास्तव के मुताबिक, यह सिस्टम सीधे केंद्र सरकार के ‘वाहन’ और ‘सारथी’ पोर्टल से जुड़ा है, जिससे लोगों को एकदम सटीक, पारदर्शी और रियल-टाइम जानकारी मिलेगी।
राष्ट्रीय पोर्टल से सीधा कनेक्शन
उत्तर प्रदेश परिवहन विभाग की ओर से शुरू की गई यह नई चैटबॉट सर्विस पूरी तरह से केंद्र सरकार की ‘वाहन’ (गाड़ियों के रजिस्ट्रेशन के लिए) और ‘सारथी’ (ड्राइविंग लाइसेंस के लिए) प्रणाली पर आधारित है। इन दोनों नेशनल पोर्टल्स से जुड़े होने के कारण यह सर्विस एकदम पक्की और रियल-टाइम जानकारी देती है। हिंदी और अंग्रेजी जैसी कई भाषाओं में काम करने वाले इस पारदर्शी सिस्टम का असली मकसद सरकारी दफ्तरों में लगने वाली भीड़ को कम करना और आम आदमी का कीमती समय और पैसा बचाना है।
बस एक मैसेज और काम शुरू
रामपुर के लोगों को इस स्मार्ट सुविधा का फायदा उठाने के लिए कोई लंबी-चौड़ी प्रक्रिया नहीं अपनानी है। बस अपने स्मार्टफोन में 8005441222 नंबर सेव करना है और व्हाट्सएप खोलकर ‘हाय’ या ‘नमस्ते’ लिखकर भेजना है। मैसेज पहुंचते ही विभाग का ऑटोमेटेड चैटबॉट एक्टिव हो जाएगा और स्क्रीन पर तमाम सेवाओं का एक आसान सा मेन्यू आ जाएगा। यूजर अपनी जरूरत के हिसाब से विकल्प चुनकर और मांगी गई बेसिक जानकारी डालकर आगे का प्रोसेस चुटकियों में पूरा कर सकते हैं।
घर बैठे रिन्यू होगा लाइसेंस
एआरटीओ की इस सिंगल विंडो व्हाट्सएप सर्विस से कई ऐसे काम आसान हो गए हैं जिनके लिए पहले पूरा दिन बर्बाद होता था। अब गाड़ी की आरसी का स्टेटस, नया ड्राइविंग लाइसेंस बनवाने का तरीका, लाइसेंस रिन्यूअल का प्रोसेस, गाड़ी का नाम ट्रांसफर और रोड टैक्स भरने जैसी पूरी जानकारी इसी पर मिल जाएगी। कमर्शियल वाहन चलाने वाले भी अपने परमिट और फिटनेस सर्टिफिकेट से जुड़े काम इस चैटबॉट से आसानी से निपटा सकते हैं। अगर आपने आरटीओ में किसी काम के लिए फाइल लगाई है, तो उसका एप्लीकेशन स्टेटस (आवेदन की स्थिति) भी बार-बार दफ्तर जाए बिना यहीं से चेक किया जा सकता है।
चालान भरते समय रहें अलर्ट
इस नए सिस्टम पर आप यह भी चेक कर सकते हैं कि आपकी गाड़ी पर कोई ई-चालान पेंडिंग है या नहीं। चालान होने पर यह चैटबॉट पेमेंट करने का सही तरीका भी बताता है। हालांकि, उत्तर प्रदेश परिवहन विभाग और केंद्रीय ई-चालान सिस्टम ने जिले के लोगों को साइबर ठगों से अलर्ट रहने की सख्त हिदायत दी है। साफ कहा गया है कि चालान भरने के नाम पर किसी भी अनजान लिंक, क्यूआर कोड या किसी व्यक्ति के पर्सनल यूपीआई खाते में पैसे न डालें। पेमेंट हमेशा अधिकृत सरकारी पोर्टल या विभागीय एप के जरिए ही किया जाना चाहिए।
