रामपुर हादसे से भी नहीं जागा प्रयागराज प्रशासन: मौत को दावत खुला दे रहा शुक्ला मार्केट का नाला, अनहोनी की आशंका
नगर निगम की घोर लापरवाही के चलते साल दो हजार चौबीस से गेट के ठीक सामने खुला पड़ा है गहरा नाला स्थानीय निवासियों और बच्चों की जान पर मंडराया चौबीस घंटे खतरा
- रिपोर्ट- प्रमोद यादव
प्रयागराज। उत्तर प्रदेश के रामपुर में हाल ही में खुले नाले में गिरने से सात साल के मासूम अब्दुल करीम की दर्दनाक मौत का मामला अभी शांत भी नहीं हुआ है, लेकिन संगमसटी प्रयागराज का नगर निगम प्रशासन इस भयानक सबक से पूरी तरह आंखें मूंदे बैठा है। ताजा मामला प्रयागराज के व्यस्ततम इलाके शुक्ला मार्केट का है, जहां एक घर और मुख्य रास्ते के ठीक सामने नगर निगम की लापरवाही की खुली गवाही देता एक गहरा नाला पिछले दो सालों (2024) से खुला पड़ा है।
रामपुर जैसे बड़े हादसे का डर स्थानीय निवासियों का कहना है कि यह नाला मुख्य सड़क और घरों के ठीक प्रवेश द्वार (गेट) के सामने स्थित है। रामपुर में जिस तरह बारिश के पानी के कारण खुले नाले का अंदाजा नहीं लगा पाने से एक मासूम बच्चा हमेशा के लिए अपनी जान गंवा बैठा, ठीक वैसा ही खतरा हर मिनट प्रयागराज के शुक्ला मार्केट में भी बना हुआ है। बारिश के इस मौसम में जब सड़कें पानी से भर जाती हैं, तब यह खुला नाला राहगीरों, बुजुर्गों और स्कूल जाने वाले छोटे बच्चों के लिए एक छिपा हुआ मौत का कुआं बन जाता है।
दो साल से शिकायतों पर भी लापरवाही
शुक्ला मार्केट के दुकानदारों और नागरिकों का आरोप है कि साल 2024 में नाले के निर्माण या मरम्मत के बाद से इसके चैंबर को खुला ही छोड़ दिया गया। गेट के ठीक सामने होने के कारण कई बार लोग इसमें गिरते-गिरते बचे हैं। स्थानीय लोगों ने नगर निगम के अधिकारियों और वार्ड के जिम्मेदार लोगों से कई बार इसे पक्के ढक्कन से ढकने की गुहार लगाई, लेकिन प्रशासन किसी बड़े हादसे या किसी मासूम की जान जाने का इंतजार कर रहा है।
हादसे से पहले जागे नगर निगम प्रशासन
Khabrein Junction’ के माध्यम से स्थानीय जनता ने जिला प्रशासन और नगर निगम प्रयागराज से पुरजोर मांग की है कि रामपुर के नाला कांड जैसी किसी भी जानलेवा अनहोनी से पहले इस खुले नाले को तत्काल प्रभाव से पूरी तरह से ढका जाए। यदि समय रहते टूटी सड़कों और इन जानलेवा खुले नालों को ठीक नहीं किया गया, तो जनता नगर निगम के खिलाफ मोर्चा खोलने को मजबूर होगी।
