ओडिशा में 8307.74 करोड़ की लागत से बनेगा 6-लेन कैपिटल रीजन रिंग रोड, आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति ने दी मंजूरी
नई दिल्ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में आर्थिक मामलों की मंत्रिमंडलीय समिति ने मंगलवार को ओडिशा में 6-लेन एक्सेस-कंट्रोल्ड कैपिटल रीजन रिंग रोड (भुवनेश्वर बाईपास) परियोजना को मंजूरी दे दी। यह परियोजना 8307.74 करोड़ रुपये की कुल पूंजीगत लागत से हाइब्रिड एन्युइटी मोड (एचएएम) पर विकसित की जाएगी।
रामेश्वर से तांगी तक 110.875 किलोमीटर लंबे इस ग्रीनफील्ड राजमार्ग के निर्माण से खोरधा, भुवनेश्वर और कटक जैसे शहरी क्षेत्रों से गुजरने वाले भारी यातायात को वैकल्पिक मार्ग मिलेगा। वर्तमान में इन शहरों में राष्ट्रीय राजमार्ग पर अत्यधिक भीड़भाड़ रहती है। नई परियोजना से न केवल ट्रैफिक दबाव कम होगा बल्कि माल ढुलाई में तेजी आएगी, लॉजिस्टिक्स लागत घटेगी और क्षेत्रीय सामाजिक-आर्थिक विकास को गति मिलेगी।
यह परियोजना 3 राष्ट्रीय राजमार्गों (एनएच-55, एनएच-57 और एनएच-655) और 1 राज्य राजमार्ग (एसएच-65) से जुड़ेगी। इसके जरिए 10 आर्थिक केंद्रों, 4 सामाजिक केंद्रों और 5 लॉजिस्टिक्स केंद्रों तक निर्बाध संपर्क मिलेगा। साथ ही यह गलियारा भुवनेश्वर हवाई अड्डा, खोरधा रेलवे स्टेशन, प्रस्तावित मल्टी-मॉडल लॉजिस्टिक्स पार्क और पुरी व एस्ट्रांग बंदरगाह से भी कनेक्ट होगा।
परियोजना से वस्त्र एवं फार्मा क्लस्टर, मेगा फूड पार्क, एसईजेड और फिशिंग क्लस्टर जैसे औद्योगिक केंद्रों को भी लाभ होगा। इसके पूरा होने पर यह बाईपास क्षेत्रीय व्यापार, औद्योगिक विकास और धार्मिक-आर्थिक केंद्रों के बीच संपर्क को मजबूत करेगा।
सरकार के अनुसार, इस परियोजना से लगभग 74.43 लाख मानव-दिवस प्रत्यक्ष और 93.04 लाख मानव-दिवस अप्रत्यक्ष रोजगार सृजित होंगे। इससे ओडिशा सहित पूरे पूर्वी भारत में विकास, प्रगति और समृद्धि के नए अवसर खुलेंगे।
