गोपीश्वर (चमोली), 23 अगस्त: चमोली जिले के थराली कस्बे में शुक्रवार देर रात हुई मूसलाधार बारिश से जनजीवन ठप हो गया। बारिश से उफना कर बहा टुनरी गधेड़ा नाले ने कई घरों और बाजारों में मलबा भर दिया। यहां तक कि तहसील कार्यालय भी मलबे से भर गया।
अधिकारियों के अनुसार, सगवाड़ा और चेपडोन बाजार क्षेत्र में दो लोग लापता हो गए हैं। इनमें 20 वर्षीय महिला कविता सगवाड़ा से और एक अन्य व्यक्ति चेपडोन से लापता बताया गया है।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने घटना पर दुख जताते हुए कहा कि वह हालात पर लगातार नजर बनाए हुए हैं और ईश्वर से सभी की कुशलता की प्रार्थना करते हैं।
चमोली के अपर जिलाधिकारी विवेक प्रकाश ने बताया कि थराली और आसपास के क्षेत्रों में भारी नुकसान हुआ है। राज्य आपदा प्रतिक्रिया बल (SDRF) और पुलिस की टीमों को शुक्रवार रात ही मौके पर भेजा गया था, लेकिन मुख्य सड़कों पर मलबा जमा होने से राहत कार्य प्रभावित हुए हैं। प्रशासन ने राहत शिविर स्थापित करने की तैयारी शुरू कर दी है।
जिलाधिकारी संदीप तिवारी शनिवार सुबह प्रभावित क्षेत्रों के लिए रवाना हुए।
जिला आपदा प्रबंधन केंद्र के अनुसार, मलबा आने से कर्णप्रयाग–ग्वालदम राष्ट्रीय राजमार्ग मिंग गधेड़ा के पास बंद हो गया है। इसके अलावा थराली–सगवाड़ा और डुंगरी मोटर मार्ग भी बाधित हैं।
सरकारी आदेश पर तीन विकास खंडों में सभी विद्यालय शनिवार को बंद रखे गए।
गौरतलब है कि कुछ सप्ताह पहले ही उत्तरकाशी जिले में बादल फटने की घटना में एक व्यक्ति की मौत हो गई थी और 65 से अधिक लोग लापता हो गए थे। उस समय धाराली गांव तेज बहाव और मलबे की चपेट में आकर भारी तबाही का शिकार हुआ था।
