कोलकाता गैंगरेप केस को लेकर प्रदर्शन कर रहे केंद्रीय मंत्री सुकांत मजूमदार हिरासत में
दक्षिण कोलकाता लॉ कॉलेज की छात्रा से गैंगरेप का मामला गरमाया, भाजपा ने बनाई चार सदस्यीय जांच समिति
कोलकाता, 28 जून। दक्षिण कोलकाता लॉ कॉलेज की छात्रा से कथित गैंगरेप की घटना को लेकर गारियाहाट क्रॉसिंग पर विरोध प्रदर्शन कर रहे केंद्रीय मंत्री व पश्चिम बंगाल भाजपा अध्यक्ष सुकांत मजूमदार को पुलिस ने शनिवार को हिरासत में ले लिया।
भाजपा कार्यकर्ता पार्टी के झंडे लहराते हुए पुलिस की बैरिकेडिंग को पार करने की कोशिश कर रहे थे, जिस पर पुलिस ने कार्रवाई करते हुए मजूमदार समेत कई कार्यकर्ताओं को हिरासत में लिया।
हिरासत में लिए जाने के दौरान सुकांत मजूमदार ने मीडिया से कहा, “यह है पश्चिम बंगाल में लोकतंत्र का चेहरा। ममता बनर्जी ने इस राज्य में लोकतंत्र को बर्बाद कर दिया है। पुलिस ने मुझे और अन्य कार्यकर्ताओं को गिरफ्तार कर लिया है।”
इधर, मामले में एक आरोपी के पिता ने भी निष्पक्ष जांच और दोष सिद्ध होने पर सख्त सज़ा की मांग की है। उन्होंने कहा, “मैं पहले एक भारतीय नागरिक हूं, फिर एक पिता। अगर मेरा बेटा दोषी पाया जाता है तो उसे कड़ी सजा मिले। हमें कोलकाता पुलिस और न्यायालय पर पूरा भरोसा है।”
भाजपा ने इस घटना की जांच के लिए एक चार सदस्यीय समिति का गठन किया है। पार्टी अध्यक्ष जे.पी. नड्डा द्वारा गठित इस समिति में पूर्व केंद्रीय मंत्री सतपाल सिंह, मीनाक्षी लेखी और सांसद बिप्लब देब, मनन मिश्रा को शामिल किया गया है। यह समिति घटनास्थल का दौरा कर अपनी रिपोर्ट राष्ट्रीय अध्यक्ष को सौंपेगी।
इस बीच, कोलकाता पुलिस ने कॉलेज के 55 वर्षीय गार्ड पिनाकी बनर्जी को भी गिरफ्तार किया है। इससे पहले 24 घंटे के भीतर पुलिस ने तीन मुख्य आरोपियों — मनोजित मिश्रा (31), ज़ैब अहमद (19), और प्रमित मुखोपाध्याय (20) — को गिरफ्तार किया था। तीनों आरोपी कॉलेज के पूर्व छात्र या कर्मचारी बताए जा रहे हैं।
