- रिपोर्ट: शिवेंदु श्रीवास्तव
सोनभद्र। जिला शिक्षा एवं प्रशिक्षण संस्थान (डायट) सोनभद्र में “प्रारंभिक बाल्यावस्था देखभाल, शिक्षा का महत्व एवं चुनौतियां” विषय पर एक दिवसीय सेमिनार डायट प्राचार्य / उप शिक्षा निदेशक मुकुल आनंद पाण्डेय के निर्देशन में संपन्न हुआ। सेमिनार में जनपद के प्रत्येक विकासखंड से 08 प्राथमिक विद्यालयों के शिक्षक तथा डायट प्रवक्ताओं ने प्रतिभाग किया। कार्यक्रम में राष्ट्रीय शिक्षा नीति के अंतर्गत प्रारंभिक बाल्यावस्था शिक्षा से जुड़े प्रावधानों एवं उनके क्रियान्वयन, बाल वाटिका में नामांकन व ठहराव की रणनीतियों तथा खेल, खोज एवं गतिविधि आधारित शिक्षण पद्धति पर विस्तार से चर्चा की गई।
विशेषज्ञ वक्ता के रूप में राजकीय स्नातकोत्तर महाविद्यालय, ओबरा से डॉ. संतोष कुमार सैनी, डायट प्रवक्ता सुनील कुमार मौर्या, शंकर सिंह एवं जिज्ञासा यादव ने अपने विचार व्यक्त किए। कार्यक्रम का संचालन राजेश मौर्या ने किया। सेमिनार में डायट प्रवक्ता अवधेश कुमार सिंह, मनोज कुमार सिंह, हरिवंश सिंह, हीरालाल प्रजापति सहित अन्य शिक्षकों की सक्रिय सहभागिता रही। कार्यक्रम का समापन सहभागियों के प्रति आभार ज्ञापन के साथ हुआ।
