सिकंदरा विधायक सह हम के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष प्रफुल्ल मांझी ने जीतनराम मांझी के शराबबंदी संशोधन का पुरजोर किया समर्थन
आईएएस, आईपीएस, इंजीनियर व नेता को भी समान रूप से शराबबंदी कानून के दायरे में लाने के लिए संशोधन किया जाए
लखीसराय(सरफराज आलम)सिकंदरा विधायक सह हिंदुस्तान आवाम मोर्चा सेकुलर हम के पूर्व प्रदेश अध्यक्ष प्रफुल्ल मांझी ने पूर्व मुख्यमंत्री जीतन राम मांझी के राज्य में प्रस्तावित शराबबंदी कानून में संशोधन का पुरजोर समर्थन किया है। रविवार को अपने गृह जिला लखीसराय के संतर मुहल्ला स्थित आवास पर पहुंचे प्रफुल्ल मांझी ने बताया कि कानून का उद्देश्य समाज में सुधार लाना है। इसलिए इसे अधिक प्रभावी और व्यावहारिक बनाने की आवश्यकता है। शराबबंदी से सामाजिक स्तर पर काफी फायदा भी हुआ है जो स्पष्ट दिख रहा है।शराबबंदी कानून के दायरे में आईएएस, आईपीएस, इंजीनियर व जनप्रतिनिधि को भी समान रूप से शामिल किया जाना चाहिए। कानून सबके लिए समान होना चाहिए, तभी इसका सही संदेश समाज में जाएगा और पारदर्शिता कायम रहेगा। उन्होंने सुझाव दिया कि कूपन सिस्टम या आधार कार्ड आधारित व्यवस्था के माध्यम से सीमित और नियंत्रित तरीके से शराब उपलब्ध कराने पर विचार किया जा सकता है। इससे जहां एक ओर राजस्व के नुकसान की भरपाई संभव होगी, वहीं दूसरी ओर अवैध शराब कारोबार पर भी अंकुश लगाया जा सकेगा। विधायक ने यह भी कहा कि विदेश से आने वाले कुछ पर्यटक और विदेशी नागरिकों को शराब पीने की आदत होती है। ऐसे में संशोधन के जरिए उन्हें नियंत्रित व्यवस्था के तहत शराब उपलब्ध कराने पर विचार किया जाना चाहिए, ताकि पर्यटन पर नकारात्मक प्रभाव न पड़े। प्रफुल्ल मांझी ने कहा कि उनके नेता जीतन राम मांझी बिहार में शराबबंदी लागू होने के समय से ही मुख्यमंत्री नीतीश कुमार से मिलकर कानून में व्यावहारिक संशोधन की सलाह देते रहे हैं। उन्होंने उम्मीद जताया कि सरकार समाजहित में ठोस निर्णय लेगी और कानून प्रभावी बनाएगी। उन्होंने राज्य में बढ़ते अपराध पर कहा कि अपराध तो पहले के शासनकाल में भी होता था। मगर अब अपराध होने पर उसकी तत्काल जांच व शामिल अपराधियों को चिन्हित कर उनके खिलाफ कार्रवाई तेज हुई है।
