ग्रेटर नोएडा के दादरी में 300 बेड के केडीएसजी सुपर स्पेशलिटी अस्पताल का उद्घाटन, सीएम योगी बोले– बेहतर स्वास्थ्य सेवाओं से बढ़ेगा जनता का भरोसा

ग्रेटर नोएडा। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री Yogi Adityanath ने गुरुवार को ग्रेटर नोएडा के दादरी क्षेत्र में बने केडीएसजी सुपर स्पेशलिटी अस्पताल का उद्घाटन किया। इस दौरान उन्होंने अस्पताल परिसर का निरीक्षण किया और डॉक्टरों की भूमिका तथा मरीजों को दी जा रही स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता को लेकर विस्तृत चर्चा भी की। कार्यक्रम में पूर्व भारतीय क्रिकेट कप्तान Kapil Dev और गौतम बुद्ध नगर से सांसद Mahesh Sharma भी मौजूद रहे।

कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि मरीजों के इलाज में डॉक्टरों का आत्मविश्वास और व्यवहार बेहद महत्वपूर्ण होता है। उन्होंने क्रिकेट का उदाहरण देते हुए कहा कि जब कपिल देव गेंदबाजी करने मैदान में उतरते थे तो पाकिस्तान की टीम मैच शुरू होने से पहले ही आधी हार मान लेती थी। उसी तरह यदि डॉक्टर आत्मविश्वास और सकारात्मक सोच के साथ मरीजों का इलाज करें तो आधी बीमारी उसी समय दूर हो जाती है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि जब दवा और दुआ दोनों साथ मिलते हैं तो मरीज जल्दी स्वस्थ होते हैं और अस्पताल की प्रतिष्ठा भी बढ़ती है। उन्होंने कहा कि दादरी में केडीएसजी सुपर स्पेशलिटी अस्पताल की स्थापना राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र (एनसीआर) के लोगों के लिए एक महत्वपूर्ण पहल है, जिससे उन्हें आधुनिक और उन्नत चिकित्सा सुविधाएं मिलेंगी।

उन्होंने बताया कि प्रधानमंत्री Narendra Modi द्वारा शुरू की गई Ayushman Bharat Pradhan Mantri Jan Arogya Yojana देश की सबसे बड़ी स्वास्थ्य योजनाओं में से एक है, जिससे लगभग 60 करोड़ लोग लाभान्वित हो रहे हैं। उत्तर प्रदेश में अब तक 5 करोड़ से अधिक गोल्डन कार्ड जारी किए जा चुके हैं, जिनके जरिए पात्र लाभार्थियों को 5 लाख रुपये तक का मुफ्त इलाज मिलता है।

मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वास्थ्य सेवाओं में पारदर्शिता और स्वस्थ प्रतिस्पर्धा जरूरी है। सुपर स्पेशलिटी अस्पतालों की स्थापना स्वागत योग्य है, लेकिन सरकारी दरों और निजी अस्पतालों की फीस के बीच संतुलन बनाए रखना भी जरूरी है, ताकि आम लोगों को सस्ता और भरोसेमंद इलाज मिल सके।

स्वास्थ्य क्षेत्र में प्रगति का जिक्र करते हुए उन्होंने कहा कि वर्ष 2014 तक देश में केवल छह All India Institute of Medical Sciences (एम्स) संस्थान कार्यरत थे, जबकि अब देशभर में 23 एम्स काम कर रहे हैं। वहीं उत्तर प्रदेश में 2017 तक सिर्फ 17 मेडिकल कॉलेज थे, लेकिन “वन डिस्ट्रिक्ट, वन मेडिकल कॉलेज” नीति के तहत अब राज्य के 75 जिलों में करीब 81 मेडिकल कॉलेज संचालित या निर्माणाधीन हैं।

करीब 200 करोड़ रुपये की लागत से बने 300 बेड के इस केडीएसजी सुपर स्पेशलिटी अस्पताल में कार्डियोलॉजी, ऑन्कोलॉजी और न्यूरोलॉजी जैसी उन्नत चिकित्सा सुविधाएं उपलब्ध होंगी। साथ ही यहां हाईटेक सर्जरी की सुविधा भी दी जाएगी।

बताया गया कि इस अस्पताल से क्षेत्र में करीब 1000 लोगों को प्रत्यक्ष और अप्रत्यक्ष रोजगार मिलने की संभावना है।

इस मौके पर कपिल देव ने मुख्यमंत्री का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि इस संस्थान के माध्यम से स्वास्थ्य सेवाओं में एक नया मानक स्थापित करने का प्रयास किया जाएगा और यह अस्पताल उत्तर प्रदेश का नाम राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय स्तर पर आगे बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगा।

Leave A Reply

Your email address will not be published.