- रिपोर्ट: प्रेम सिन्हा
पटना: जीना फाउंडेशन ” एक भारत” की 55वीं वर्षगांठ के अवसर पर आयोजित भव्य साहित्यिक समारोह में देश-विदेश के उत्कृष्ट साहित्यकारों, कवियों, शायरों एवं समाजसेवियों का शब्द-पुष्प अर्पित कर सम्मान किया गया। इस अवसर पर छह विशिष्ट साहित्यकारों को “जीना साहित्य एवं व्यक्तित्व शिखर सम्मान” से विभूषित किया गया।
सम्मानित साहित्यकारों में प्रेमकिरण (पटना), किशोर सिन्हा (पटना), डॉ. कविता सहाय (गया), बिपिन बिहारी (गया), कमलनयन श्रीवास्तव (पटना) तथा डॉ. प्रगीत कुंअर (ऑस्ट्रेलिया) शामिल रहे। डॉ. प्रगीत कुंअर की अनुपस्थिति में उनका सम्मान डॉ. आराधना प्रसाद ने ग्रहण किया, जिसे निकट भविष्य में उन्हें सौंपा जाएगा। इस अवसर पर चित्रगुप्त सामाजिक संस्थान के प्रधान सचिव कमलनयन श्रीवास्तव ने फाउंडेशन की 55 वर्षों की सफल यात्रा के लिए संस्थान के संस्थापक अध्यक्ष डॉ. राशदादा राश को सम्मानित किया।
कार्यक्रम की सहयोगी संस्था ‘मन:योग’ ने आयोजन को सफल बनाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाई। समारोह की अध्यक्षता भगवती प्रसाद द्विवेदी ने की, जबकि मुख्य अतिथि के रूप में डॉ. संजय पंकज (मुजफ्फरपुर) उपस्थित रहे। स्वागताध्यक्ष आचार्य विजय गुंजन अभिभावक के रूप में मंचासीन रहे। विशिष्ट अतिथियों में विभा रानी श्रीवास्तव, अनिता राकेश और डॉ.भावना शेखर शामिल रहीं।
कार्यक्रम का शुभारंभ माँ मीरा के छायाचित्र पर पुष्प अर्पित कर किया गया। इस दौरान जीना फाउंडेशन के लिए माँ मीरा के योगदान और सहयोग को श्रद्धापूर्वक याद किया गया। डॉ. कविता सहाय ने मंगलाचरण प्रस्तुत किया तथा माँ मीरा को समर्पित अपनी विशेष काव्य पंक्तियों से वातावरण को भावपूर्ण बना दिया। मंच का संचालन मो. नसीम अख्तर ने प्रभावी ढंग से किया। कार्यक्रम के समापन पर लेख्य-मंजूषा की संस्थापक-अध्यक्ष ने धन्यवाद ज्ञापन किया।डॉ सुधा सिन्हा,पूनम सिन्हा श्रेयशी, डॉ रूबी भूषण, कमलनयन श्रीवास्तव कविता पाठ किया।
समारोह में उपस्थित विद्वानों और साहित्यकारों ने आयोजन की मुक्त कंठ से सराहना की। बिहार के विभिन्न शहरों से आए अनेक कवि-कवयित्रियों और साहित्यकारों की गरिमामयी उपस्थिति ने कार्यक्रम को विशेष आयाम प्रदान किया। इनमें एम.के. मधु, रूबी भूषण, अभिलाषा सिंह, पूनम श्रेयसी, चाचा रविशंकर सहाय, अनिता मिश्रा, सुनील कुमार, नमिता लोहानी, रंजना लता (समस्तीपुर), डॉ. सुनील कुमार उपाध्याय, मधुरेश नारायण, डॉ. पूनम देवा, नूतन सिन्हा, आशा रघुदेव, अमृता सिन्हा, रवि श्रीवास्तव, तनुजा सिन्हा, ऋचा वर्मा, शशी भूषण सिंह, पलक रानी (गया), निकुंज नारायण, पूनम कतरियार तथा अखौरी प्रेम कुमार सहित अनेक साहित्यकार उपस्थित रहे।
समारोह के अंत में जीना महापरिवार ने सभी अतिथियों, साहित्यकारों एवं सहयोगियों के प्रति आभार व्यक्त करते हुए साहित्य, संस्कृति और सामाजिक सरोकारों के प्रति अपनी प्रतिबद्धता दोहराई।
