फरीदाबाद जेल में कैदियों के पुनर्वास पर जोर, आत्महत्या रोकने के लिए विशेष पहल: डीजीपी जेल आलोक मित्तल
- रिपोर्ट: विनोद मित्तल
फरीदाबाद हरियाणा: डीजीपी जेल आईपीएस आलोक मित्तल फरीदाबाद पहुंचे जहां पर उन्होंने पत्रकारों से बातचीत में कहा है कि जेल में बंद कैदियों को मुख्य धारा से जोड़ने के लिए क्या योजनाएं जेल में चलाई जा रही है।
जेल में आत्महत्या के बढ़ रहे आंकड़े पर उन्होंने चिंता व्यक्त करते हुए कहा कि इसको लेकर भी प्रयास किया जा रहे हैं की आत्महत्याओं का आंकड़ा कम हो जिसके लिए अंदर ही बीमार कैदियों के लिए डॉक्टर ऑन और दवाइयां की व्यवस्था की गई है। जेल में आने के बाद कई बार कैदी मानसिक बीमारियों से गिर जाता है। लेकिन अब जेल में कैदियों और बंदियां को सुधारने के लिए और उनका मुख्य धारा से जोड़ने के लिए आईटीआई भी जेल के अंदर खोली गई है ताकि वे जेल में रहते हुए आईटीआई होल्डर होकर बाहर जाने के बाद अपना काम कर सकें और क्राइम से दोबारा न जुड़े। उन्होंने जेल का दौरा भी किया था जिसमें उन्हें सफाई और अन्य कई जगह पर सुधार करने के आदेश दिए है।
फरीदाबाद की जेल हरियाणा में सबसे बड़ी जेल है जहां पर ओपन और जेल का भी संचालन किया जा रहा है ताकि यहां पर बंद कैदी काम करके शाम को जेल के अंदर पहुंच जाएं। ऐसी ओपन और जेल हरियाणा और जेलों भी संचालित की जाएगी।
