सिरसा, (एम. पी. भार्गव)। श्री गौशाला और शिव भक्तों के बीच लंबे समय से चल रहे विवाद का शुक्रवार शाम शांतिपूर्ण अंत हो गया। शिव भक्तों की भावनाओं को ध्यान में रखते हुए श्री गौशाला प्रबंधन ने झुकते हुए यह निर्णय ले लिया कि शिवलिंग को उसके पूर्व निर्धारित स्थान पर ही पुनः स्थापित किया जाएगा।
शुक्रवार की शाम श्री सनातन धर्म सभा के कार्यकारी प्रधान नवीन केडिया तथा भाजपा जिलाध्यक्ष यतींद्र सिंह एडवोकेट श्री गौशाला पहुँचे, जहाँ उन्होंने शिव भक्तों से चर्चा कर उनकी राय जानी। सभी ने एक स्वर में यही आग्रह रखा कि शिवलिंग की स्थापना वहीं हो जहाँ पहले थी। इस पर भावनाओं का सम्मान करते हुए गौशाला मैनेजमेंट ने निर्णय को स्वीकार कर लिया।
गौशाला प्रकरण को लेकर शिव भक्तों द्वारा दिए जा रहे धरने को शिव सेना, लायंस क्लब सहित कई सामाजिक संस्थाओं का भी समर्थन प्राप्त था। निर्णय के बाद माहौल में उत्साह और श्रद्धा की लहर दौड़ गई।
धरने का नेतृत्व कर रहे पूर्व पार्षद सुशील सैनी ने कहा कि यह धर्म और आस्था की जीत है। शिवभक्तों ने मिलकर जिस उद्देश्य के लिए यह आंदोलन किया, उस पर मुहर लग गई है। उन्होंने इस निर्णय का स्वागत करते हुए इसे शिवभक्तों के विश्वास की विजय बताया।
फैसले के बाद पुरोहितों द्वारा मंत्रोच्चारण प्रारंभ कर दिया गया है। आने वाले दिनों में विधिवत रूप से शिवलिंग की स्थापना की जाएगी।
इस अवसर पर शिव मंदिर के संस्थापक परिवार के सदस्य भवानी शंकर, शिव सेना जिला प्रधान सोमनाथ दुग्गल, श्याम बंसल, गोपाल गोयल, राजकुमार साहुवाला, संजय अग्रवाल, नीरज सैनी, बाबूलाल सैनी, श्याम सुंदर वर्मा, मोहित सैनी, श्यो भगवान सैनी, विकास सैनी सहित अनेक श्रद्धालु उपस्थित रहे।
