नई दिल्ली। एयर इंडिया से जुड़ा एक बड़ा लापरवाही का मामला सामने आया है। डायरेक्टरेट जनरल ऑफ सिविल एविएशन (DGCA) ने एयरलाइन को कड़ी फटकार लगाई है, क्योंकि उसके दो पायलट बिना जरूरी लाइसेंस और ट्रेनिंग के विमान उड़ा रहे थे।
जानकारी के मुताबिक, एक सीनियर कैप्टन ने रद्द हो चुके ELP (English Language Proficiency) लाइसेंस के साथ विमान उड़ाया, जबकि एक सह-पायलट ने जरूरी इंस्ट्रूमेंट टेस्ट और PPC परीक्षा पास किए बिना उड़ान भरी।
इन गंभीर गड़बड़ियों के सामने आने के बाद डीजीसीए ने एयर इंडिया से विस्तृत रिपोर्ट मांगी है और भविष्य में ऐसी लापरवाही पर सख्त कार्रवाई की चेतावनी दी है।
✈️ बिना ट्रेनिंग उड़ान भरने पर कार्रवाई
सूत्रों के अनुसार, एयरबस A320 के एक सह-पायलट ने बिना आवश्यक ट्रेनिंग चेक पास किए विमान उड़ाया था। इसे सुरक्षा मानकों का गंभीर उल्लंघन माना गया।
एयर इंडिया ने तुरंत एक्शन लेते हुए पायलट और क्रू शेड्यूलर—दोनों को रोस्टर से हटा दिया है।
एयरलाइन के प्रवक्ता ने बताया,
“ट्रेनिंग टीम के दौरान यह गलती पकड़ी गई। हमने आंतरिक जांच शुरू कर दी है और डीजीसीए को पूरी जानकारी दे दी गई है ताकि भविष्य में ऐसी घटनाएं दोबारा न हों।”
🧾 समाप्त लाइसेंस के साथ उड़ान भरने पर सीनियर कैप्टन पर गाज
दूसरे मामले में एक सीनियर कैप्टन को रद्द ELP लाइसेंस के बावजूद उड़ान भरते पाया गया।
नियमों के अनुसार, किसी भी पायलट को वैध ELP प्रमाणपत्र के बिना विमान उड़ाने की अनुमति नहीं होती।
एयर इंडिया ने कहा कि संबंधित कैप्टन को तत्काल रोस्टर से हटाकर जांच शुरू कर दी गई है। साथ ही, डीजीसीए को पूरी रिपोर्ट भेजी जा रही है जिसमें सुधारात्मक कदमों का उल्लेख होगा।
⚠️ डीजीसीए की सख्त चेतावनी
डीजीसीए ने एयर इंडिया को स्पष्ट शब्दों में चेताया है कि
“भविष्य में अगर लाइसेंस, आराम समय या उड़ान सीमा से संबंधित किसी भी तरह की चूक पाई गई, तो सख्त कार्रवाई की जाएगी।”
संभावित कार्रवाई में भारी जुर्माना, लाइसेंस रद्द करना या ऑपरेटर की अनुमति रद्द करना शामिल हो सकता है।
गौरतलब है कि डीजीसीए पहले भी एयर इंडिया के संचालन और शेड्यूलिंग में गड़बड़ियों को लेकर फटकार लगा चुका है।
अब देखना यह होगा कि देश की सबसे पुरानी एयरलाइन इन सुरक्षा खामियों को कितनी जल्दी सुधारती है।
