रामपुर। उत्तर प्रदेश शासन के निर्देशानुसार राजकीय महिला स्नातकोत्तर महाविद्यालय, रामपुर में हर घर तिरंगा अभियान 2025 के तीसरे चरण (11 अगस्त से 15 अगस्त) का शुभारंभ किया गया। कार्यक्रम का आयोजन सावित्रीबाई फुले सांस्कृतिक क्लब, राष्ट्रीय सेवा योजना (एनएसएस) और रेंजर के संयुक्त तत्वावधान में, शासन एवं कुलपति के निर्देशानुसार किया गया।
अभियान के प्रथम दिन महाविद्यालय के सभी प्राध्यापकों, छात्राओं और कर्मचारियों ने राष्ट्रध्वज के सम्मान और देश के प्रति समर्पण की प्रतिज्ञा ली। इसके साथ ही भारतीय इतिहास एवं संस्कृति पर एक विशेष व्याख्यान आयोजित हुआ, जिसमें तिरंगे की गौरवशाली परंपरा, स्वतंत्रता आंदोलन में उसकी भूमिका, शहीदों के बलिदान और भारतीय संविधान के मूल्यों पर विस्तार से चर्चा की गई।
महाविद्यालय की प्राचार्य डॉ. सुनीता ने अपने उद्बोधन में कहा कि तिरंगा केवल एक ध्वज नहीं, बल्कि भारत की आन-बान-शान और स्वतंत्रता का प्रतीक है। उन्होंने छात्राओं से अपील की कि वे तिरंगे के महत्व को समझें और सदैव उसके सम्मान में तत्पर रहें। उन्होंने कहा कि तिरंगा हमारी अस्मिता, एकता और बलिदान की अमूल्य धरोहर है, जिसके लिए स्वतंत्रता संग्राम के महानायकों ने अपने प्राणों की आहुति दी।
कार्यक्रम का संचालन प्रीति लता सिंह एवं डॉ. वंदना राठौर (प्रभारी एनएसएस) के निर्देशन में किया गया। आयोजन में समिति के सदस्य प्रो. अनीता देवी, प्रो. निशात बानो, डॉ. रजिया परवीन, डॉ. जया कुमरी, डॉ. प्रतिभा यादव, डॉ. मोहम्मद कासिम, डॉ. रजनी बाला का सहयोग रहा। इस अवसर पर डॉ. नागेन्द्र पाल, योगेश चन्द्र, कल्पना देवल सहित महाविद्यालय के सभी प्राध्यापक और कर्मचारी उपस्थित रहे।
