रामपुर सपा सांसद मुहीबुल्लाह नदवी ने किया प्रेस कॉन्फ्रेंस — भारत-पाक युद्ध, सीजफायर और भाजपा नेताओं पर जमकर साधा निशाना
“जय शाह जैसे नेताओं पर मुकदमा हो, प्रधानमंत्री लें इस्तीफा” – नदवी
रामपुर: रामपुर से समाजवादी पार्टी के सांसद मुहीबुल्लाह नदवी ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस कर भारत-पाकिस्तान युद्ध, सीजफायर, और केंद्र सरकार की नीतियों पर तीखा हमला बोला। उन्होंने भाजपा और उसके नेताओं को निशाने पर लेते हुए कई विवादास्पद और तीखे बयान दिए।
नदवी ने कहा कि “देश में जो माहौल बनाया जा रहा है, वह जानबूझकर किया जा रहा है ताकि लोगों को धर्म, जाति और समुदाय के नाम पर बांटा जा सके।” उन्होंने बीजेपी के नेताओं को देश के विभाजन का जिम्मेदार बताया और कहा कि इन्हीं की सोच देश को फिर से बांटना चाहती है।
जय शाह पर आपत्तिजनक टिप्पणी:
सांसद नदवी ने भाजपा नेता जय शाह के कथित बयान पर तीखी प्रतिक्रिया देते हुए कहा:
“ऐसे नेता पर लानत है, जिसे पेशाब में डूबकर मर जाना चाहिए। जय शाह जैसे लोगों पर मुकदमा दर्ज होना चाहिए, और प्रधानमंत्री को उनका इस्तीफा लेना चाहिए।”
उन्होंने बीजेपी पर आरोप लगाया कि वह सेना को भी धर्म के आधार पर बांटने का प्रयास कर रही है। उनका कहना था कि “फौज का कोई धर्म नहीं होता, फौज देश की रक्षा करती है, न कि जाति और धर्म की।”
सांसद नदवी के मुख्य आरोप और बयान:
“ऑपरेशन सिंदूर अभी खत्म नहीं हुआ है, देश के लोग भ्रम में न रहें।”
“भाजपा के लोग फौज पर भरोसा नहीं कर रहे, उल्टे उन्हें भी धर्म के चश्मे से देखना चाहते हैं।”
“बीजेपी वही पार्टी है जिसने मुल्क को पहले भी बांटा था, और अब फिर से वही चाहती है।”
“जो नेता सुप्रीम कोर्ट को गृह युद्ध से जोड़ते हैं, उन्हें शर्म आनी चाहिए।”
“देश की जनता अब ऐसे नेताओं को बर्दाश्त नहीं करेगी।”
कड़ी कार्रवाई की मांग:
सांसद ने यह भी कहा कि जय शाह और विजय शाह जैसे नेताओं पर कानूनी कार्यवाही होनी चाहिए और उन्हें पार्टी से बाहर कर देना चाहिए। उन्होंने प्रधानमंत्री और राष्ट्रपति से अपील की कि ऐसे नेताओं को बर्खास्त कर देश की एकता को प्राथमिकता दी जाए।
नदवी का यह बयान ऐसे समय में आया है जब…
देश में भारत-पाक सीमा पर तनाव चल रहा है और सीजफायर को लेकर राजनीतिक हलकों में गर्मागरमी है। नदवी का यह बयान राजनीतिक गलियारों में और संसद में नई बहस छेड़ सकता है।
