राजधानी दिल्ली के मरघट वाले हनुमान मंदिर के आसपास रोज़ाना लगने वाले जाम से परेशान लोगों के लिए राहत की खबर है। लोक निर्माण विभाग (PWD) ने इस क्षेत्र में ट्रैफिक समस्या को स्थायी रूप से खत्म करने के लिए एक विस्तृत योजना तैयार कर ली है। आने वाले महीनों में यहां सड़क ढांचे में बड़े बदलाव देखने को मिल सकते हैं।
क्यों लगता था यहां जाम?
मरघट वाले हनुमान मंदिर के पास सड़कें बेहद संकरी हैं। श्रद्धालुओं की भीड़, बड़े वाहनों की आवाजाही, अव्यवस्थित पार्किंग और भारी ट्रैफिक फ्लो के कारण यहां घंटों जाम लग जाता था। व्यस्त समय में यह समस्या और बढ़ जाती थी, जिससे हजारों लोग प्रभावित होते थे।
PWD की नई योजना—क्या बदलेगा?
जाम की समस्या खत्म करने के लिए PWD ने कई बड़े कदम उठाने का फैसला किया है—
नए रास्तों का निर्माण
मंदिर क्षेत्र के आसपास वैकल्पिक मार्ग विकसित किए जाएंगे ताकि ट्रैफिक का दबाव कम किया जा सके।
अतिरिक्त पार्किंग स्थलों का निर्माण
श्रद्धालुओं और स्थानीय लोगों के लिए नई पार्किंग बनाई जाएगी, जिससे अव्यवस्थित पार्किंग की समस्या दूर होगी।
नो-पार्किंग ज़ोन
मंदिर परिसर के आसपास सख्त ‘नो-पार्किंग’ क्षेत्र बनाए जाएंगे।
फ्लाईओवर और अंडरपास पर विचार
जरूरत पड़ने पर ऊंचे फ्लाईओवर और अंडरपास बनाए जाएंगे ताकि मुख्य मार्गों पर ट्रैफिक सुचारू रहे।
स्काईवॉक और फुटओवर ब्रिज से मिलेगी बड़ी राहत
योजना में पैदल यात्रियों की सुरक्षा और सुगम आवाजाही पर भी विशेष ध्यान दिया गया है—
रिंग रोड पर स्काईवॉक
मंदिर के पास रिंग रोड पर स्काईवॉक बनाया जाएगा, जिससे लोग सड़क पार करने के लिए गाड़ियों के बीच से न गुजरें और ट्रैफिक की रफ्तार भी बनी रहे।
फुटओवर ब्रिज (FOB)
बाजार रोड पर एक नया फुटओवर ब्रिज बनाया जाएगा, जिससे पैदल यात्रियों की भीड़ सड़क पर उतरने से बचेगी।
सिग्नल-फ्री प्लान
छत्ता रेल लाल बत्ती को बैक-टू-बैक यू-टर्न से सिग्नल फ्री बनाया जाएगा ताकि वाहनों की आवाजाही बिना रुकावट जारी रह सके।
