साहित्य : “अवनि से अम्बर तक” एक गहन आत्मकथात्मक रचना है, जो एक संकल्पशील आत्मा की यात्रा…
मीरजापुर। अक्सर लोग हालात और परेशानी को बेड़ियां बनाकर सबकुछ भाग्य भरोसे बैठ जाते हैं और कहते सुने जाते हैं कि क्या करें भाग्य में यही लिखा था। लेकिन आपको जानकर आश्चर्य होगा कि एक गंभीर बीमारी की जकड़ में आने के बाद भी संदीप कुमार शुक्ल ने…
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