एचपीएससी परीक्षाओं में गड़बड़ी को लेकर बोले रामपाल माजरा — “बीजेपी सरकार की बिना पर्ची-खर्ची की पोल खुल गई है”
इनेलो प्रदेशाध्यक्ष ने की सभी विषयों की परीक्षा रद्द करने की मांग, उच्च स्तरीय जांच की रखी बात
- रिपोर्ट: एमपी भार्गव
ऐलनाबाद: इनेलो के प्रदेशाध्यक्ष रामपाल माजरा ने बीते रविवार एचपीएससी द्वारा आयोजित असिस्टेंट प्रोफेसर भर्ती परीक्षा को लेकर बड़ा बयान देते हुए परीक्षा में हुई गड़बड़ियों को बेहद गंभीर और चिंताजनक बताया है। उन्होंने हिंदी, कैमिस्ट्री और फिजिक्स की परीक्षाओं को रद्द करने की अभ्यर्थियों की मांग को जायज ठहराया और उनका पूर्ण समर्थन किया।
भारी गड़बड़ियों से पारदर्शिता पर सवाल, माजरा ने की उच्च स्तरीय जांच की मांग
रामपाल माजरा ने कहा कि परीक्षा के दौरान कई परीक्षा केंद्रों पर सील टूटे हुए पेपर, अनुवाद में भारी गलतियां और सीसीटीवी कैमरों की अनुपस्थिति जैसे मामले सामने आए हैं, जो स्पष्ट रूप से परीक्षा की पारदर्शिता पर सवाल खड़े करते हैं। उन्होंने कहा,
“क्या यह परीक्षा निष्पक्ष थी? या पैसों के लेन-देन से अभ्यर्थियों को पेपर उपलब्ध कराए गए?”
सिर्फ हिंदी पेपर रद्द करने पर भी उठाए सवाल
उन्होंने आश्चर्य जताया कि एचपीएससी ने सिर्फ हिंदी विषय का पेपर रद्द किया, जबकि गड़बड़ी के आरोप सभी विषयों पर लगे हैं। इससे प्रक्रिया की निष्पक्षता पर संदेह और बढ़ता है।
बीजेपी सरकार पर लगाया भ्रष्टाचार का आरोप
रामपाल माजरा ने बीजेपी सरकार पर तीखा हमला बोलते हुए कहा,
“बिना पर्ची-खर्ची का दावा करने वाली सरकार की सच्चाई एक बार फिर सामने आ गई है। यह सरकार भ्रष्टाचार में आकंठ डूबी हुई है।”
भर्ती प्रक्रिया को पारदर्शी और निष्पक्ष बनाने की मांग
माजरा ने सरकार से मांग की कि—
- सभी विषयों की परीक्षाएं तुरंत रद्द की जाएं।
- पूरे मामले की उच्च स्तरीय जांच करवाई जाए।
- दोषियों के खिलाफ सख्त दंडात्मक कार्रवाई हो।
आगामी परीक्षाओं को पूरी तरह पारदर्शी और नियमों के अनुरूप सुनिश्चित किया जाए।
📌 रामपाल माजरा के इस बयान के बाद प्रदेश में भर्ती परीक्षाओं को लेकर एक बार फिर राजनीति गरमा गई है। अब देखना होगा कि सरकार इस मामले में क्या कदम उठाती है।
