मोदीनगर: घर की नाबालिक मेड पर लगा चोरी का आरोप, मेड ने कहा.. झूठे है अपनी करनी पर पर्दा डालने के लिए मुझे फंसाया
छेड़छाड़ अश्लील हरकते.. कपड़ा व्यापारी ने अपने बचाव के लिए मुझे फंसायाथाना पुलिस ने पूछताछ के दौरान, नाबालिक को पहले पीटा, फिर शाम को दर्ज की रिपोर्ट
कानून की धज्जियां उड़ाता हुआ यह मामला गाजियाबाद के मोदीनगर का है… कपड़ा व्यापारी प्रिंस के यहां मेड का काम करने वाली, लड़की पर, नौकरी छोडने के 12 दिन बाद, चोरी की रिपोर्ट दर्ज कराई गई है। साथ ही जिन दिन एसएचओ ने रिपोर्ट दर्ज की, उसी दिन, सुबह लडकी को घर से उठा लिया और थाने लाकर नाबालिक के साथ, पूछताछ की इतना ही नहीं इस दौरान नाबालिग को मारा पिटा गया
पीड़ित लडकी का कहना है, यातनाएं देकर जबरन हाँ कहलवाया और वीडियो बनाई गई। और घर की तलाशी लेने पर भी कुछ नहीं मिला। जिसके बाद लड़की को रात के 9 30 बजे मेडिकल जांच करा कर छोड़ दिया गया। तलाशी के दौरान और पूछताछ में जब कुछ नहीं मिला तो शाम 5 बजे इंस्पेक्टर के आदेश पर रिपोर्ट दर्ज की गई। अगले दिन लडकी की बहन ने बताया कि ये झूठी रिपोर्ट दर्ज इसलिए कराई गई क्योंकि उसकी बहन पर प्रिंस बुरी नजर रखता था। और उसके साथ अश्लील हरकते किया करता था। और लडकी को रात के दो दो बजे, काम से घर भेजा करता था।
जिसकी वजह से नाबालिग के पिता ने उसका काम वहां से छुडवा दिया लेकिन लड़की पर लगातार काम पर वापस आने का, दबाव बनाया जा रहा था। लेकिन लडकी की बड़ी बहन, किसी भी कीमत पर उसे काम पर वापस भेजने के लिए तैयार नहीं थी। जब लड़की ने कहा कि वो पुलिस में शिकायत करेगी। तो अपने आप को बचाने के लिए, लड़की से पहले, प्रिंस ने चोरी का झूठा आरोप लगाकर उन्हें ही थाने में बंद करा दिया..और तो और उसको बूरी तरह से पीटा भी गया… परिवार के मन में दहशत बैठाने के लिए उन्हें जान से मारने की धमकिया भी दी गई..लड़की के पिता विकलांग है। गरीब परिवार है। जहाँ प्रिंस ने लड़की पर शक के आधार पर चोरी की रिपोर्ट दर्ज कराई है।
तो दूसरी तरफ लडकी की बहन ने अपनी बहन के साथ की गई मारपीट और झूठे मुकदमे के सम्बन्ध में व नाबालिक के साथ हुई छेड़छाड़ की शिकायत, और परिवार की हत्या के शक में, जानमाल का खतरा बताते हुए। मुख्यमंत्री पोर्टल, राष्ट्रीय महिला आयोग, मानवाधिकार आयोग, पुलिस कमिश्नर गाजियाबाद, DGP लखनऊ, अन्य जगह शिकायती पत्र भेजते हुए न्याय की गुहार लगाई है।
अब देखना यह होगा कि कौन सच बोल रहा है.. और कौन झूठ
यह तो उच्चस्तरीय जांच के बाद ही साफ हो पाएगा..
