हरियाणा में जल संकट पर कुमारी सैलजा का हमला: समय रहते सरकार ने ध्यान दिया होता तो न होता हालात इतने बदतर

पंजाब-हरियाणा जल विवाद से 10 जिलों में गंभीर जल संकट, 51 जलघर सूखे

  • रिपोर्ट: एम पी भार्गव

ऐलनाबाद: अखिल भारतीय कांग्रेस कमेटी की महासचिव, पूर्व केंद्रीय मंत्री एवं सिरसा से सांसद कुमारी सैलजा ने हरियाणा में गहराते जल संकट को लेकर राज्य की भाजपा सरकार पर तीखा हमला बोला है। उन्होंने कहा कि अगर सरकार ने समय रहते पेयजल प्रबंधन और नहरों की सफाई पर ध्यान दिया होता, तो आज यह स्थिति पैदा नहीं होती।

पंजाब सरकार पर भी साधा निशाना, कहा- पानी पर राजनीति कर रही है
सैलजा ने आरोप लगाया कि पंजाब सरकार पानी देने के बजाय राजनीति कर रही है और हरियाणा के लोगों की प्यास बुझाने में कोई रुचि नहीं दिखा रही। उन्होंने बताया कि भाखड़ा नांगल से छोड़ा गया पानी नहरों के ज़रिए पूरी मात्रा में हरियाणा नहीं पहुंच पा रहा, जिससे जल संकट और भी गंभीर होता जा रहा है।

जल संकट की भयावह स्थिति: 10 जिलों में जल आपूर्ति चरमराई, 51 जलघर सूखे
कुमारी सैलजा ने कहा कि आज हरियाणा के 10 जिलों में गंभीर जल संकट व्याप्त है, जिनमें सिरसा, रोहतक, महेंद्रगढ़, चरखी दादरी और भिवानी प्रमुख रूप से प्रभावित हैं। 51 जलघरों में पानी पूरी तरह सूख चुका है और गांवों में एक दिन छोड़कर पानी की सप्लाई दी जा रही है। शहरों में लोग पैसे देकर टैंकरों से पानी मंगवाने को मजबूर हैं।

सरकार को मार्च में किया था आगाह, फिर भी नहीं हुई कोई कार्रवाई
सैलजा ने कहा कि उन्होंने मार्च माह में मुख्यमंत्री को पत्र लिखकर नहरों की सफाई कराने का अनुरोध किया था ताकि टेल एरिया तक पानी पहुंचे, लेकिन सरकार ने कोई कदम नहीं उठाया। उन्होंने SYL नहर मामले में भी सरकार की राजनीतिक उदासीनता पर सवाल उठाए।

जल संकट से खेती भी प्रभावित, किसान चिंतित
उन्होंने कहा कि अब स्थिति ऐसी हो गई है कि किसानों को न पीने का पानी मिल रहा है, न सिंचाई के लिए। सिंचाई विभाग जल संकट के चलते असहाय नजर आ रहा है। किसानों के सामने धान और नरमा की बिजाई को लेकर भी संकट खड़ा हो गया है।

लोकतंत्र के लिए घातक है पंजाब सरकार की अवमानना
कुमारी सैलजा ने कहा कि हाईकोर्ट ने हरियाणा के हित में निर्णय दिया है, लेकिन पंजाब सरकार उसे मानने को तैयार नहीं है, जो देश की लोकतांत्रिक प्रणाली के लिए घातक है। उन्होंने राज्य सरकार से तुरंत प्रभाव से नहरों की सफाई और वैकल्पिक जल आपूर्ति व्यवस्था मजबूत करने की मांग की।

हरियाणा जल संकट से जूझ रहा है और राजनीतिक उदासीनता व सीमावर्ती विवाद इसके प्रमुख कारण हैं। कुमारी सैलजा ने सरकार को चेताते हुए जनहित में ठोस कदम उठाने की मांग की है।

Leave A Reply

Your email address will not be published.