नई दिल्ली। हिंदू धर्म में प्रत्येक माह पड़ने वाले व्रत और त्योहारों का विशेष महत्व होता है। इन्हीं में से एक है जितिया व्रत जिसे माताएं अपनी संतान की दीर्घायु और सुख-समृद्धि की कामना से करती हैं। इसे जीवित्पुत्रिका व्रत भी कहा जाता है। यह व्रत सबसे कठिन व्रतों में से एक माना जाता है क्योंकि यह तीन दिनों तक चलता है और इसमें माताएं निर्जल उपवास रखती हैं।
जितिया व्रत 2025 कब है?
वैदिक पंचांग के अनुसार आश्विन माह के कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि 14 सितंबर 2025 को सुबह 5:04 बजे शुरू होकर 15 सितंबर को सुबह 3:06 बजे समाप्त होगी। उदयातिथि के आधार पर इस वर्ष जितिया व्रत 14 सितंबर (रविवार) को रखा जाएगा। यह व्रत विशेष रूप से बिहार, झारखंड और पूर्वी उत्तर प्रदेश में धूमधाम से किया जाता है।
जितिया व्रत 2025 शुभ मुहूर्त
ब्रह्म मुहूर्त: सुबह 4:33 से 5:19 बजे तक
अभिजीत मुहूर्त: सुबह 11:52 से दोपहर 12:41 बजे तक
प्रदोष काल: शाम 6:27 बजे से आगे
इस दिन रवि योग भी बन रहा है जो सुबह 6:05 से 8:41 बजे तक रहेगा। इसे अत्यंत शुभ माना गया है।
मान्यता है कि जितिया व्रत रखने से माताओं को अखंड सौभाग्य प्राप्त होता है और संतान की आयु, स्वास्थ्य व जीवन में समृद्धि बनी रहती है।
डिस्क्लेमर: यहां दी गई जानकारियां सामाजिक और धार्मिक आस्थाओं पर आधारित हैं। इसकी पुष्टि khabrejunction.com नहीं करता। किसी भी निर्णय से पहले विशेषज्ञ की सलाह अवश्य लें।
