लखनऊ में ऊर्जा विभाग की समीक्षा बैठक: सीएम योगी ने बिजली विभाग को दिए कड़े निर्देश

लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने राजधानी लखनऊ में ऊर्जा विभाग की उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की। इस बैठक में सीएम ने बिजली आपूर्ति व्यवस्था की खामियों को लेकर अधिकारियों को स्पष्ट और कड़ा संदेश दिया।

सीएम योगी ने कहा कि ट्रिपिंग, ओवरबिलिंग और अनावश्यक बिजली कटौती किसी भी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने दो टूक कहा कि प्रदेश में न पैसे की कमी है, न बिजली की और न ही संसाधनों की, इसलिए यदि व्यवस्था में सुधार नहीं हुआ तो कार्रवाई तय है।

मुख्यमंत्री ने सभी डिस्कॉम (विद्युत वितरण कंपनियों) से जवाबदेही तय करने को कहा और स्पष्ट किया कि बिजली अब महज एक सेवा नहीं, बल्कि जनता की मूल आवश्यकता है। उन्होंने अधिकारियों को बिजली आपूर्ति की फील्ड रियलिटी का पूरा लेखा-जोखा प्रस्तुत करने का निर्देश दिया।

सीएम योगी ने यह भी कहा कि हर मौसम में प्रदेशवासियों को निर्बाध बिजली आपूर्ति सुनिश्चित होनी चाहिए और हर उपभोक्ता को समय पर सही बिल मिलना चाहिए।

मुख्यमंत्री ने लाइन लॉस (बिजली क्षति) को कम करने के लिए ठोस प्रयास करने को कहा और ट्रांसफॉर्मर क्षमता बढ़ाने, तकनीकी सुधार लागू करने व स्मार्ट मीटरिंग को ब्लॉक स्तर तक विस्तार देने के निर्देश दिए।

बैठक में मुख्यमंत्री ने यह भी बताया कि घाटमपुर, खुर्जा, पनकी और मेजा की विद्युत उत्पादन क्षमता को जल्द ही बढ़ाया जाएगा। साथ ही प्रदेश के सभी ट्यूबवेलों को सौर ऊर्जा से जोड़ने की दिशा में तेज़ी से कार्य करने का भी आदेश दिया गया।

मुख्यमंत्री के इन निर्देशों के बाद बिजली विभाग में हड़कंप है और जल्द ही जमीनी स्तर पर सुधार देखने को मिल सकते हैं।

Leave A Reply

Your email address will not be published.