कैबिनेट मंत्री श्रुति चौधरी को एमडब्ल्यूबी अध्यक्ष चंद्र शेखर धरणी ने सौंपा ज्ञापन
मुख्यमंत्री की घोषणा अनुसार पत्रकारों को कैशलेस इलाज की सुविधा लागू करे सरकार : चंद्र शेखर धरणी सेवानिवृत्त पत्रकारों की पेंशन बढ़ाकर 30 हजार रुपये प्रतिमाह करने की मांग
हरियाणा, 5 फरवरी | एम.पी. भार्गव, ऐलनाबाद ;हरियाणा सरकार की कैबिनेट मंत्री श्रुति चौधरी को मीडिया वेलबीइंग एसोसिएशन (एमडब्ल्यूबी) की ओर से संगठन के अध्यक्ष चंद्र शेखर धरणी ने पत्रकारों की विभिन्न मांगों को लेकर एक मांग-पत्र (ज्ञापन) सौंपा। इस दौरान कैबिनेट मंत्री श्रुति चौधरी ने आश्वासन दिया कि वह एमडब्ल्यूबी के मांग-पत्र को माननीय मुख्यमंत्री के समक्ष रखकर समस्याओं के समाधान हेतु प्रयास करेंगी।
ज्ञापन में प्रमुख रूप से मुख्यमंत्री द्वारा की गई घोषणा के अनुरूप पत्रकारों को कैशलेस इलाज की सुविधा शीघ्र लागू करने, इसकी अधिसूचना जारी कराने, मान्यता प्राप्त पत्रकारों को मिलने वाली निःशुल्क बस यात्रा को असीमित करने, निर्धारित किलोमीटर की शर्त हटाने तथा मीडिया कर्मियों को टोल फ्री सुविधा प्रदान करने की मांग की गई है। इसके साथ ही सेवानिवृत्त पत्रकारों को दी जाने वाली पेंशन बढ़ाकर 30,000 रुपये प्रतिमाह करने की भी मांग रखी गई।
एमडब्ल्यूबी अध्यक्ष चंद्र शेखर धरणी ने कैबिनेट मंत्री को बताया कि मीडिया वेलबीइंग एसोसिएशन प्रदेश की एकमात्र ऐसी संस्था है, जो पिछले चार वर्षों से पत्रकारों को निःशुल्क 10-10 लाख रुपये का टर्म इंश्योरेंस एवं एक्सीडेंटल इंश्योरेंस उपलब्ध करवा रही है। इसके साथ ही पत्रकारों और उनके परिवारों को किसी भी आपात स्थिति में समय-समय पर आर्थिक सहायता भी प्रदान की जाती है।
उन्होंने बताया कि एमडब्ल्यूबी के मंच पर आयोजित विभिन्न कार्यक्रमों में पूर्व मुख्यमंत्री एवं वर्तमान केंद्रीय मंत्री मनोहर लाल, ऊर्जा, परिवहन व श्रम मंत्री अनिल विज, विधानसभा अध्यक्ष हरविंदर कल्याण, पूर्व स्पीकर ज्ञान चंद गुप्ता, कैबिनेट मंत्री कृष्ण बेदी तथा पूर्व मंत्री मूलचंद शर्मा सहित कई प्रमुख नेता सहभागिता कर चुके हैं।
पत्रकारों के लिए संगोष्ठियां व प्रशिक्षण शिविर भी आयोजित करती है संस्था
चंद्र शेखर धरणी ने बताया कि एमडब्ल्यूबी द्वारा समय-समय पर पत्रकारों के लिए संगोष्ठियों और प्रशिक्षण शिविरों का आयोजन भी किया जाता है। लंबे समय से सरकारी योजनाओं से वंचित रहा पत्रकार वर्ग अब एमडब्ल्यूबी के प्रयासों से निरंतर लाभान्वित हो रहा है।
उन्होंने बताया कि पत्रकार पेंशन योजना की शुरुआत पूर्व मुख्यमंत्री मनोहर लाल द्वारा की गई थी। इससे पहले किसी भी सरकार ने पत्रकारों के कल्याण को लेकर गंभीरता नहीं दिखाई थी। एमडब्ल्यूबी की मांग पर ही इस पेंशन योजना में वृद्धि सहित कई सुधार किए गए। उन्होंने कहा कि समाज के अन्य वर्गों की तुलना में पत्रकार वर्ग आर्थिक रूप से लगातार कमजोर होता गया है, जबकि वह हर वर्ग की आवाज बनकर संघर्ष करता रहा है।
वरिष्ठ पत्रकारों को सम्मानित करने की अनूठी परंपरा
मीडिया वेलबीइंग एसोसिएशन वरिष्ठ पत्रकारों के योगदान को सम्मान देने वाली पहली संस्था है। संगठन द्वारा प्रत्येक कार्यक्रम में 60 वर्ष से अधिक आयु के तीन वरिष्ठ पत्रकारों को सम्मानित किया जाता है। अब तक यह सम्मान मनोहर लाल, अनिल विज, कंवरपाल गुर्जर, ज्ञान चंद गुप्ता और हरविंदर कल्याण जैसे वरिष्ठ नेताओं के हाथों दिलवाया जा चुका है। सम्मान के साथ संस्था की ओर से वरिष्ठ पत्रकारों को नकद राशि भी प्रदान की जाती है।
इसके लिए संस्था ने दीपक मिगलानी के नेतृत्व में तीन सदस्यीय अवॉर्ड चयन समिति गठित की है, जो प्राप्त आवेदनों पर विचार-विमर्श कर पात्र पत्रकारों का चयन करती है। समिति की संस्तुति के बाद अंतिम स्वीकृति अध्यक्ष चंद्र शेखर धरणी द्वारा दी जाती है।
हरियाणा गौरव अवॉर्ड से भी किया जाता है सम्मान
एमडब्ल्यूबी न केवल वरिष्ठ पत्रकारों, बल्कि हरियाणा की मिट्टी में जन्म लेकर विभिन्न क्षेत्रों में प्रदेश का नाम रोशन करने वाली शख्सियतों को भी हरियाणा गौरव अवॉर्ड प्रदान कर सम्मानित करती है।
निःशुल्क बीमा सुविधा देने वाली पहली संस्था
मीडिया वेलबीइंग एसोसिएशन प्रदेश की पहली ऐसी संस्था है, जो पत्रकारों से किसी भी प्रकार का शुल्क लिए बिना टर्म इंश्योरेंस और एक्सीडेंटल इंश्योरेंस उपलब्ध कराती है। कुछ समय पूर्व एक वरिष्ठ पत्रकार के निधन के बाद संस्था द्वारा करवाई गई बीमा पॉलिसी से उनके परिवार को 10 लाख रुपये की राशि दिलवाई गई थी।
पत्रकारों को लगातार आर्थिक सहायता
संस्था द्वारा समय-समय पर पत्रकारों एवं उनके परिवारों को बीमारी अथवा आपात स्थिति में आर्थिक सहायता दी जाती है। बीते चार वर्षों में हरियाणा और चंडीगढ़ के तीन दर्जन से अधिक पत्रकारों को 30 लाख रुपये से अधिक की सहायता प्रदान की जा चुकी है।
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