बदायूँ पालिका की सख्ती: घटिया व विलंबित सड़क निर्माण पर दो ठेकेदार ब्लैकलिस्ट, एफआईआर के आदेश

बदायूँ। बदायूँ नगर पालिका परिषद ने विकास एवं निर्माण कार्यों में लापरवाही को लेकर सख्त रुख अपनाते हुए दो ठेकेदारों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। खराब गुणवत्ता और तय समय पर कार्य पूरा न होने पर ठेकेदारों को ब्लैकलिस्ट करने, जमानत राशि जब्त करने तथा एफआईआर दर्ज कराने के आदेश जारी किए गए हैं, जिससे ठेकेदारों में हड़कंप मच गया है।

सदर नगर पालिका चेयरमैन फात्मा रज़ा एवं अधिशासी अधिकारी विनय कुमार मणि त्रिपाठी ने स्पष्ट कहा है कि विकास कार्यों की गुणवत्ता से किसी भी कीमत पर समझौता नहीं किया जाएगा।

नगर पालिका द्वारा अवस्थापना विकास निधि के अंतर्गत छह सड़का से गांधी ग्राउंड स्थित शिव मंदिर तक बन रही सीसी सड़क का निर्माण कार्य निर्धारित समय सीमा के बाद भी अधूरा पाए जाने पर संबंधित ठेकेदार को अंतिम नोटिस जारी किया गया है। यह कार्य हुसैन पुख्ता स्थित मैसर्स माहेश्वरी ट्रेडर्स के प्रोपराइटर मनोज कुमार को 25 अप्रैल को आवंटित किया गया था, जिसे 24 जून 2025 तक पूर्ण किया जाना था। इसके बावजूद कार्य अधूरा रहने पर पालिका ने सात दिनों में मानक के अनुरूप कार्य पूर्ण करने के निर्देश दिए हैं।

पालिका प्रशासन ने चेतावनी दी है कि यदि निर्धारित समय में कार्य पूरा नहीं किया गया तो अनुबंध की शर्तों के तहत सड़क का पुनः निर्माण कराया जाएगा, ठेकेदार की जमानत राशि जब्त की जाएगी, उसे ब्लैकलिस्ट किया जाएगा और एफआईआर दर्ज कराई जाएगी। पूर्व में भी 7 नवंबर को नोटिस जारी कर जियोटैगिंग फोटो उपलब्ध कराने के निर्देश दिए गए थे, लेकिन स्थिति में सुधार नहीं हुआ।

वहीं, नगर पालिका परिषद के वार्ड संख्या-21 में आश्रम की पुलिया से रोजा तक बन रही सीसी सड़क व नाली निर्माण कार्य की गुणवत्ता भी जांच में खराब पाई गई है। यह कार्य ठेकेदार फुरकान अली द्वारा कराया जा रहा है। वार्ड सभासद आशीष कश्यप की शिकायत पर जांच कराई गई, जिसमें घटिया सामग्री के उपयोग और सड़क में जगह-जगह गड्ढे पाए गए।

मामले को गंभीरता से लेते हुए पालिका प्रशासन ने अपर अभियंता सिविल अमन कुमार को गुणवत्ता जांच कर अनुबंध की शर्तों के अनुसार कार्रवाई के निर्देश दिए हैं। ठेकेदार को पूर्व में दो बार नोटिस दिए जा चुके हैं। यदि निर्माण कार्य मानक के अनुरूप नहीं पाया जाता है तो सड़क का पुनः निर्माण, रिकवरी, ठेकेदार को ब्लैकलिस्ट करने और नियमानुसार एफआईआर दर्ज कराने की कार्रवाई की जाएगी।

अधिशासी अधिकारी ने दो टूक कहा कि जनहित से जुड़े विकास कार्यों में किसी भी प्रकार की अनियमितता या लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी।

 

khabre junction

Leave A Reply

Your email address will not be published.