अमृतसर में छात्रों के झगड़े के बाद चली गोली, 11वीं का छात्र घायल; कांग्रेसी नेता दिनेश बस्सी के बेटे पर केस
अमृतसर। अमृतसर में स्कूली छात्रों के बीच हुए आपसी झगड़े के बाद गोली चलने की घटना ने शहर में सनसनी फैला दी है। इस फायरिंग में 11वीं कक्षा का एक छात्र घायल हो गया। मामले में पुलिस ने कांग्रेसी नेता दिनेश बस्सी के बेटे के खिलाफ केस दर्ज किया है। वहीं, घटना से जुड़ा सीसीटीवी फुटेज सामने आने के बाद पूरे मामले ने नया मोड़ ले लिया है।
जानकारी के अनुसार, गोली चलने की घटना से पहले स्कूल के बाहर छात्रों के बीच कहासुनी और मारपीट हुई थी। सामने आए सीसीटीवी फुटेज में देखा जा सकता है कि पहले छात्रों के बीच हाथापाई हुई, जिसके बाद मामला कुछ देर के लिए शांत हो गया। लेकिन कुछ समय बाद दोबारा झगड़ा शुरू हुआ, जो आगे चलकर गोली चलने की घटना में बदल गया। बताया जा रहा है कि घायल छात्र ने पहले पगड़ी उतारकर मारपीट की थी, जिससे हालात और बिगड़ गए।
इस पूरे मामले में पुलिस ने कांग्रेसी नेता दिनेश बस्सी के बेटे के खिलाफ मामला दर्ज किया है। इसके बाद दिनेश बस्सी ने अमृतसर में पत्रकार वार्ता कर पुलिस कार्रवाई पर सवाल उठाए। इस दौरान उनके साथ कांग्रेस के कई वरिष्ठ नेता भी मौजूद रहे।
पत्रकारों से बातचीत में दिनेश बस्सी ने आरोपों को राजनीतिक साजिश करार देते हुए कहा कि उनके बेटे का इस घटना से कोई संबंध नहीं है। उन्होंने दावा किया कि सामने आए सीसीटीवी फुटेज में उनका बेटा कहीं भी नजर नहीं आ रहा है और फिर भी जानबूझकर उसे मामले में फंसाया जा रहा है। उन्होंने यह भी कहा कि एक अन्य छात्र कुणाल का नाम भी गलत तरीके से एफआईआर में शामिल किया गया है।
दिनेश बस्सी ने आरोप लगाया कि उनके राजनीतिक विरोधी आगामी चुनावों को देखते हुए उन्हें बदनाम करने की कोशिश कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि उनके बेटे का अब तक किसी भी तरह का आपराधिक रिकॉर्ड नहीं रहा है। उनके अनुसार, घायल छात्र और उसके साथियों ने पहले स्कूल के बाहर मारपीट की थी, जिसके बाद दोबारा विवाद हुआ और स्थिति नियंत्रण से बाहर हो गई।
फिलहाल पुलिस पूरे मामले की गंभीरता से जांच कर रही है। सीसीटीवी फुटेज, प्रत्यक्षदर्शियों के बयान और अन्य साक्ष्यों के आधार पर घटना की कड़ियों को जोड़ा जा रहा है। पुलिस का कहना है कि जांच पूरी होने के बाद ही स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।
