Police Memorial Day 2026: पुलिस स्मृति दिवस पर CM योगी का बड़ा संदेश, बोले- यूपी में कानून से ऊपर कोई नहीं
Police Memorial Day 2026: लखनऊ। उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने पुलिस स्मृति दिवस के अवसर पर कर्तव्य निभाते हुए अपने प्राणों का बलिदान देने वाले पुलिसकर्मियों को नमन किया। उन्होंने कहा कि इन वीर पुलिसकर्मियों का साहस, शौर्य और समर्पण आने वाली पीढ़ियों के लिए प्रेरणा का स्रोत है। मुख्यमंत्री ने प्रदेश की कानून-व्यवस्था में आए बदलावों का उल्लेख करते हुए कहा कि नए उत्तर प्रदेश में कानून से ऊपर कोई नहीं है। सरकार अपराध और अपराधियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई के लिए प्रतिबद्ध है।
मुख्यमंत्री ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपने संदेश में पुलिसकर्मियों के योगदान को याद किया। उन्होंने कहा कि देश की सुरक्षा, समाज में शांति बनाए रखने और नागरिकों के जीवन की रक्षा के लिए पुलिसकर्मियों ने सर्वोच्च बलिदान दिया है। उनके त्याग और समर्पण को हमेशा याद रखा जाएगा।
Police Memorial Day 2026: पुलिस स्मृति दिवस पर बलिदानी पुलिसकर्मियों को श्रद्धांजलि
हर साल 21 अक्टूबर को पुलिस स्मृति दिवस मनाया जाता है। यह दिन देश की सुरक्षा और कानून-व्यवस्था बनाए रखने के दौरान अपने प्राणों का बलिदान देने वाले पुलिसकर्मियों को समर्पित है। इस अवसर पर देशभर में पुलिस बल के शहीद जवानों और अधिकारियों को श्रद्धांजलि दी जाती है।
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने भी बलिदानी पुलिसकर्मियों को याद करते हुए उनके साहस और कर्तव्यनिष्ठा को नमन किया। उन्होंने कहा कि पुलिसकर्मियों का समर्पण समाज को सुरक्षित रखने की दिशा में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। उनके बलिदान से पुलिस बल की गौरवशाली परंपरा और मजबूत होती है।
लखनऊ में आयोजित पुलिस स्मृति दिवस समारोह में कर्तव्य पालन के दौरान बलिदान देने वाले पुलिसकर्मियों को श्रद्धांजलि देने का कार्यक्रम रखा गया। इस अवसर पर बलिदानी पुलिसकर्मियों के परिवारों के प्रति सम्मान और कृतज्ञता व्यक्त करने पर भी जोर दिया गया।
Police Memorial Day 2026: 2017 से पहले के हालात का जिक्र कर विपक्ष पर निशाना
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने अपने संदेश में वर्ष 2017 से पहले प्रदेश की कानून-व्यवस्था की स्थिति का भी उल्लेख किया। उन्होंने आरोप लगाया कि उस समय उत्तर प्रदेश में माफिया और अराजक तत्वों का प्रभाव था। मुख्यमंत्री ने मथुरा के जवाहर बाग की घटना का जिक्र करते हुए कहा कि कानून की रक्षा करते हुए पुलिस अधिकारियों को अपने प्राणों का बलिदान देना पड़ा था।
उन्होंने कहा कि प्रदेश में कानून-व्यवस्था को मजबूत करना सरकार की प्राथमिकताओं में शामिल रहा है। मुख्यमंत्री के अनुसार, वर्तमान व्यवस्था में पुलिस को अपराधियों के खिलाफ प्रभावी कार्रवाई करने की स्वतंत्रता मिली है।
सरकार का दावा है कि अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई, पुलिस बल के विस्तार और तकनीकी सुविधाओं में सुधार से प्रदेश की सुरक्षा व्यवस्था को अधिक सक्षम बनाने का प्रयास किया गया है।
Police Memorial Day 2026: 2.26 लाख से अधिक पुलिसकर्मियों की भर्ती का दावा
मुख्यमंत्री ने प्रदेश में पुलिस बल को मजबूत करने के लिए की गई भर्तियों का उल्लेख किया। उनके मुताबिक, उत्तर प्रदेश में 2.26 लाख से अधिक पुलिसकर्मियों की भर्ती की गई है। इसके साथ ही पुलिसकर्मियों को प्रशिक्षित करने की क्षमता में दस गुना वृद्धि होने की बात भी कही गई।
पुलिस बल में नई भर्तियों और प्रशिक्षण सुविधाओं का विस्तार कानून-व्यवस्था की जिम्मेदारियों को बेहतर तरीके से निभाने के लिए महत्वपूर्ण माना जाता है। इससे पुलिस विभाग में मानव संसाधन बढ़ाने और कर्मियों को आवश्यक प्रशिक्षण देने में मदद मिलती है।
प्रदेश में बढ़ती आबादी, शहरीकरण और साइबर अपराध जैसी चुनौतियों को देखते हुए पुलिस व्यवस्था को आधुनिक बनाना भी जरूरी है। सरकार की ओर से पुलिस बल के विस्तार और प्रशिक्षण क्षमता में वृद्धि को इसी दिशा में उठाए गए कदमों के रूप में प्रस्तुत किया गया है।
Police Memorial Day 2026: सात बड़े शहरों में कमिश्नरेट प्रणाली लागू
मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने प्रदेश के सात बड़े शहरों में पुलिस कमिश्नरेट प्रणाली लागू किए जाने का भी उल्लेख किया। इस व्यवस्था का उद्देश्य बड़े शहरी क्षेत्रों में पुलिस प्रशासन को अधिक प्रभावी बनाना और कानून-व्यवस्था से संबंधित निर्णयों में तेजी लाना है।
कमिश्नरेट प्रणाली के तहत पुलिस आयुक्त को कई प्रशासनिक और कार्यकारी अधिकार दिए जाते हैं। इससे शहरी क्षेत्रों में अपराध नियंत्रण, यातायात प्रबंधन और कानून-व्यवस्था से जुड़े मामलों में समन्वय बेहतर करने में मदद मिल सकती है।
मुख्यमंत्री ने प्रत्येक जिले में साइबर थाने और प्रत्येक पुलिस थाने में महिला हेल्प डेस्क की स्थापना का भी उल्लेख किया। साइबर थानों के माध्यम से ऑनलाइन धोखाधड़ी और दूसरे साइबर अपराधों से जुड़े मामलों की जांच को मजबूती देने का प्रयास किया जाता है।
वहीं, महिला हेल्प डेस्क का उद्देश्य महिलाओं को अपनी शिकायत दर्ज कराने के लिए सुलभ व्यवस्था उपलब्ध कराना है। इन सुविधाओं को पुलिस व्यवस्था को अधिक आधुनिक, जवाबदेह और नागरिकों के लिए सुलभ बनाने से जोड़कर देखा जा रहा है।
Police Memorial Day 2026: गैंगस्टर एक्ट के तहत कार्रवाई और संपत्ति जब्ती का आंकड़ा
मुख्यमंत्री ने अपराधियों के खिलाफ की गई कार्रवाई का विवरण देते हुए कहा कि गैंगस्टर एक्ट के तहत 88,973 अपराधियों पर कार्रवाई की गई है। उन्होंने यह भी दावा किया कि 15 हजार करोड़ रुपये से अधिक की अवैध संपत्ति जब्त की गई है।
सरकार के अनुसार, संगठित अपराध और माफिया गतिविधियों पर अंकुश लगाने के लिए कानूनी प्रावधानों के तहत कार्रवाई की जा रही है। अवैध संपत्तियों के खिलाफ कार्रवाई को अपराध से अर्जित संपत्ति पर रोक लगाने की रणनीति का हिस्सा बताया गया है।
हालांकि, इन आंकड़ों को सरकार की ओर से प्रस्तुत जानकारी के रूप में देखा जाना चाहिए। प्रदेश में कानून-व्यवस्था का आकलन करने के लिए अपराध के प्रकार, दर्ज मामलों, जांच, दोषसिद्धि और नागरिकों की सुरक्षा से जुड़े अन्य आंकड़े भी महत्वपूर्ण होते हैं।
मुख्यमंत्री ने अपने संदेश में स्पष्ट किया कि सरकार अपराध और अपराधियों के खिलाफ कार्रवाई के मामले में सख्त रुख बनाए रखेगी।
Police Memorial Day 2026: सुरक्षित और भयमुक्त उत्तर प्रदेश बनाने का संकल्प
पुलिस स्मृति दिवस पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने बलिदानी पुलिसकर्मियों के परिवारों के त्याग और योगदान को याद रखने की बात कही। उन्होंने कहा कि प्रदेश को सुरक्षित, न्यायपूर्ण और भयमुक्त बनाए रखने के लिए लगातार काम किया जाएगा।
पुलिसकर्मियों की भूमिका केवल अपराध नियंत्रण तक सीमित नहीं है। आपदा, दुर्घटना, सार्वजनिक आयोजनों, यातायात प्रबंधन और नागरिकों की सहायता जैसे कार्यों में भी पुलिस की महत्वपूर्ण जिम्मेदारी होती है। ऐसे में पुलिस बल का प्रशिक्षण, आधुनिक संसाधन, जवाबदेही और जनता के साथ बेहतर संवाद कानून-व्यवस्था को मजबूत करने के लिए जरूरी हैं।
पुलिस स्मृति दिवस उन सभी पुलिसकर्मियों के प्रति सम्मान व्यक्त करने का अवसर है, जिन्होंने कर्तव्य निभाते हुए अपने प्राणों का बलिदान दिया। मुख्यमंत्री का संदेश भी इसी भावना के साथ प्रदेश की सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने और कानून का पालन सुनिश्चित करने पर केंद्रित रहा।
