नई दिल्ली: भारत के आगामी न्यूजीलैंड दौरे से पहले मेजबान टीम के कप्तान मिचेल सैंटनर ने भारतीय दिग्गज बल्लेबाजों रोहित शर्मा और विराट कोहली को लेकर अपनी रणनीति साफ कर दी है। सैंटनर का मानना है कि दोनों बल्लेबाजों का न्यूजीलैंड की परिस्थितियों में रिकॉर्ड शानदार रहा है, लेकिन इस बार न्यूजीलैंड की कोशिश उन्हें खुलकर खेलने का मौका नहीं देने की होगी।
भारत को इस साल अक्टूबर-नवंबर में न्यूजीलैंड के खिलाफ 5 वनडे, 5 टी20 और 2 टेस्ट मैचों की सीरीज खेलनी है। यह दौरा खास तौर पर 2027 वनडे वर्ल्ड कप की तैयारियों के लिहाज से अहम माना जा रहा है।
रोहित-विराट को लेकर सैंटनर का खास प्लान
मिचेल सैंटनर ने माना कि वनडे क्रिकेट में रोहित शर्मा और विराट कोहली आज भी मास्टर बल्लेबाज हैं। उन्होंने कहा कि दोनों खिलाड़ियों को न्यूजीलैंड की पिचें काफी पसंद आती हैं और उनका पिछला रिकॉर्ड भी इस बात को दर्शाता है।
हालांकि, न्यूजीलैंड के कप्तान की कोशिश इस बार परिस्थितियों का फायदा उठाकर इन दोनों अनुभवी बल्लेबाजों को नियंत्रण में रखने की होगी। उनका कहना है कि कीवी टीम नहीं चाहेगी कि रोहित और विराट को अपनी पसंद के मुताबिक बल्लेबाजी करने का मौका मिले।
न्यूजीलैंड के लिए रोहित-विराट क्यों बड़ी चुनौती हैं?
रोहित शर्मा और विराट कोहली लंबे समय से भारत की वनडे बल्लेबाजी के प्रमुख चेहरों में रहे हैं। न्यूजीलैंड की परिस्थितियों में भी दोनों ने कई मौकों पर प्रभावी प्रदर्शन किया है।
इसी अनुभव को देखते हुए न्यूजीलैंड की रणनीति इन दोनों पर दबाव बनाने और उन्हें बड़ी साझेदारी करने से रोकने की होगी। सैंटनर का बयान इसी रणनीतिक चुनौती की ओर इशारा करता है।
न्यूजीलैंड की पिचों पर युवा भारतीय बल्लेबाजों की परीक्षा
सैंटनर ने भारत की नई और युवा टेस्ट टीम को लेकर भी अपनी राय रखी। उन्होंने कहा कि न्यूजीलैंड की बाउंस और स्विंग वाली पिचें युवा भारतीय खिलाड़ियों के लिए चुनौतीपूर्ण हो सकती हैं।
ऐसी परिस्थितियों में भारतीय बल्लेबाजों को स्थानीय माहौल के अनुसार खुद को ढालने में कुछ समय लग सकता है। यही कारण है कि न्यूजीलैंड दौरे पर अनुभव और परिस्थितियों के मुताबिक बल्लेबाजी करना भारतीय टीम के लिए अहम होगा।
भारतीय गेंदबाजी की भी सैंटनर ने की तारीफ
मिचेल सैंटनर ने भारतीय गेंदबाजी आक्रमण की भी तारीफ की। उन्होंने जसप्रीत बुमराह की वापसी, मोहम्मद सिराज और प्रसिद्ध कृष्णा की मौजूदगी का जिक्र किया।
इसके अलावा रवींद्र जडेजा जैसे स्पिनर भी भारतीय टीम को संतुलन देते हैं। सैंटनर के मुताबिक भारत के पास ऐसा गेंदबाजी आक्रमण है जो न्यूजीलैंड की टीम के सामने चुनौती पेश कर सकता है।
न्यूजीलैंड का आत्मविश्वास क्यों बढ़ा हुआ है?
न्यूजीलैंड ने इससे पहले भारत को उसकी घरेलू परिस्थितियों में 3-0 से टेस्ट सीरीज में हराया था। इस जीत से कीवी टीम का आत्मविश्वास बढ़ा है।
अब न्यूजीलैंड की कोशिश अपने घरेलू मैदान पर भी भारत के खिलाफ मजबूत प्रदर्शन करने की होगी। दूसरी तरफ भारतीय टीम पिछली हार का हिसाब बराबर करने और आगामी बड़े टूर्नामेंट की तैयारी को मजबूत करने के इरादे से मैदान में उतरेगी।
2027 वर्ल्ड कप की तैयारियों के लिहाज से अहम दौरा
भारत और न्यूजीलैंड के बीच होने वाली यह मल्टी-फॉर्मेट सीरीज केवल द्विपक्षीय मुकाबला नहीं है। वनडे सीरीज दोनों टीमों के लिए 2027 वनडे वर्ल्ड कप की तैयारी का महत्वपूर्ण हिस्सा होगी।
भारत की नजर जहां अपने अनुभवी खिलाड़ियों के साथ टीम को मजबूत करने पर होगी, वहीं न्यूजीलैंड घरेलू परिस्थितियों का फायदा उठाकर भारत को चुनौती देना चाहेगा। ऐसे में रोहित शर्मा और विराट कोहली के प्रदर्शन पर खास नजर रहेगी।
इस बार मुकाबला और कड़ा होने की उम्मीद
सैंटनर के बयान से साफ है कि न्यूजीलैंड भारतीय बल्लेबाजी की ताकत से अच्छी तरह वाकिफ है। खासकर रोहित शर्मा और विराट कोहली को लेकर कीवी टीम पहले से रणनीति बनाने में जुटी है।
एक तरफ भारत के पास अनुभवी बल्लेबाज और मजबूत गेंदबाजी आक्रमण है, वहीं न्यूजीलैंड को अपने घरेलू मैदान और परिस्थितियों का फायदा मिलेगा। ऐसे में आगामी सीरीज में दोनों टीमों के बीच कड़ा मुकाबला देखने को मिल सकता है।
