बरनाला लाठीचार्ज के विरोध में अमृतसर के भंडारी पुल पर वाल्मीकि समाज का जोरदार प्रदर्शन
राहुल मलिक, सिमरन समेत कई सामाजिक कार्यकर्ता अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल पर बैठे
-दोषी पुलिस अधिकारियों को बर्खास्त करने और सफाई कर्मचारियों को नियमित करने की मांग
-चेतावनी—न्याय नहीं मिला तो पूरे पंजाब में आंदोलन होगा, सरकार होगी जिम्मेदार
- रिपोर्ट: ललित शर्मा
Amritsar बरनाला में सफाई कर्मचारियों पर हुए कथित लाठीचार्ज के विरोध में सोमवार को अमृतसर के भंडारी पुल पर वाल्मीकि समाज और विभिन्न धार्मिक एवं सामाजिक संगठनों ने जोरदार प्रदर्शन किया। इस दौरान राहुल मलिक, सिमरन सहित कई समाजसेवी नेताओं ने अनिश्चितकालीन भूख हड़ताल शुरू कर दी। प्रदर्शनकारियों ने आरोप लगाया कि बरनाला में अपने संवैधानिक अधिकारों की मांग को लेकर शांतिपूर्ण प्रदर्शन कर रहे सफाई कर्मचारियों, विशेषकर महिलाओं, पर पुलिस ने बेरहमी से लाठीचार्ज किया, जिससे पूरे वाल्मीकि समाज में भारी रोष है।
प्रदर्शन को संबोधित करते हुए वक्ताओं ने कहा कि एक ओर कुछ प्रतिनिधि सरकार के साथ बातचीत कर रहे हैं, जबकि दूसरी ओर समाज का बड़ा वर्ग सरकार की ढीली कार्रवाई से असंतुष्ट होकर सड़कों पर उतरने को मजबूर हुआ है। उन्होंने कहा कि भूख हड़ताल पर बैठे साथियों का यह कदम समाज के दर्द और न्याय की लड़ाई का प्रतीक है।
प्रदर्शनकारियों ने पंजाब सरकार को चेतावनी देते हुए कहा कि यदि बरनाला घटना में शामिल डीएसपी, एसएचओ और अन्य पुलिस अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई कर उन्हें बर्खास्त नहीं किया गया तो वाल्मीकि समाज पूरे पंजाब में अपना आंदोलन और तेज करेगा। उन्होंने कहा कि सफाई कर्मचारी अपने संवैधानिक अधिकारों, नौकरी की सुरक्षा और सेवाएं नियमित करने की मांग कर रहे थे, लेकिन उनकी मांगें सुनने के बजाय उन पर लाठियां बरसाई गईं।
सामाजिक नेता सुमित काली ने कहा कि सफाई कर्मचारी सरकार की रीढ़ हैं और उनके साथ इस तरह का व्यवहार किसी भी कीमत पर स्वीकार नहीं किया जा सकता। उन्होंने आरोप लगाया कि प्रशासन सरकार के निर्देशों के बिना कोई कार्रवाई नहीं करता, इसलिए इस पूरे मामले की जिम्मेदारी केवल पुलिस की नहीं बल्कि सरकार की भी है।
धूणा साहिब ट्रस्ट से जुड़े नेताओं ने कहा कि उनका आंदोलन पूरी तरह शांतिपूर्ण है, लेकिन यदि सरकार ने उनकी मांगों की अनदेखी जारी रखी तो यह संघर्ष और व्यापक रूप ले सकता है। उन्होंने कहा कि वे पंजाब का माहौल खराब नहीं करना चाहते, लेकिन न्याय मिलने तक भूख हड़ताल और विरोध प्रदर्शन जारी रहेगा।
वाल्मीकि समाज के नेता राहुल मलिक ने मांग की कि बरनाला में सफाई कर्मचारियों पर कथित अत्याचार करने वाले पुलिस अधिकारियों को तुरंत बर्खास्त किया जाए। साथ ही घायल कर्मचारियों को न्याय दिया जाए और सफाई कर्मचारियों की सेवाएं नियमित की जाएं। उन्होंने कहा कि वाल्मीकि समाज अपने अधिकारों की लड़ाई हर हाल में जारी रखेगा और यदि समय रहते कार्रवाई नहीं हुई तो आंदोलन पूरे प्रदेश में फैलाया जाएगा।
