अभिभावक अपने बच्चों की दैनिक गतिविधियों पर नजर रखें, बच्चों को गर्मी के मौसम में नहरों पर नहाने से रोकें
ऐलनाबाद 5 मई ( एम पी भार्गव ): जिला पुलिस प्रशासन ने गर्मी के मौसम को देखते हुए नदी, नहर, नालों और तालाबों में नहाने से संबंधित अतीत में हुई दुखद घटनाओं का संज्ञान लेते हुए एक विशेष एडवाइजरी जारी की है। इस एडवाइजरी के माध्यम से आमजन, अभिभावकों और युवाओं से अपील की गई है कि वे सावधानी बरतें और जलस्रोतों के आसपास अनावश्यक रूप से जाने से बचें।
एसपी दीपक सहारन ने अभिभावकों से विशेष रूप से आग्रह किया है कि वे अपने बच्चों की दैनिक गतिविधियों पर सतर्क नजर रखें और उन्हें नदी, नहर, नालों, तालाबों तथा स्विमिंग पूल जैसी जगहों पर जाने से रोकें। अक्सर देखा जाता है कि बड़े बच्चों को देखकर छोटे बच्चे भी नहाने की जिद करते हैं, लेकिन तैरना नहीं आने के कारण वे हादसों का शिकार हो जाते हैं। उन्होंने कहा कि इस प्रकार की घटनाएं न केवल परिवार बल्कि पूरे समाज के लिए चिंता और दुख का कारण बनती हैं।युवाओं को भी चेतावनी दी गई है कि वे नदी, नहर और नालों में नहाने से बचें तथा छोटे बच्चों के लिए सकारात्मक उदाहरण प्रस्तुत करें। साथ ही, जलस्रोतों के खतरों के प्रति जागरूकता फैलाने की आवश्यकता पर जोर दिया गया है ताकि लोग समय रहते सतर्क हो सकें और अपने बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित कर सकें।
पुलिस प्रशासन ने सभी थाना प्रभारियों को निर्देश दिए हैं कि वे नियमित गश्त के दौरान जलस्रोतों के आसपास विशेष निगरानी रखें और चेतावनी बोर्ड लगवाएं। इसके अतिरिक्त, नहर और नदी किनारे वाहनों को खड़ा कर नहाने के बहाने शराब या अन्य नशे का सेवन करने वालों के खिलाफ कड़ी कार्रवाई करने के निर्देश भी जारी किए गए हैं। एसपी दीपक सहारन ने ग्राम पंचायतों से भी सहयोग की अपील करते हुए कहा गया है कि वे गांवों में मुनादी करवाकर अभिभावकों को जागरूक करें। साथ ही, आम नागरिकों से अनुरोध किया गया है कि यदि कोई बच्चा संदिग्ध परिस्थितियों में अकेला दिखाई दे, तो उसे सुरक्षित स्थान पर ले जाकर तुरंत पुलिस या उसके परिजनों को सूचित करें।इस एडवाइजरी का मुख्य उद्देश्य बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करना और भविष्य में किसी भी प्रकार की दुखद घटनाओं की पुनरावृत्ति को रोकना है। संयुक्त प्रयासों से ही सुरक्षित समाज का निर्माण संभव है।
