हरियाणा के विकास व घग्गर बेल्ट में कैंसर रोकथाम के लिए ठोस कदम उठाए सरकार: सैलजा
— हरियाणा में एक आईआईटी की स्थापना की मांग — घग्गर बेल्ट में नेशनल कैंसर इंस्टिट्यूट की स्थापना आवश्यक
हरियाणा, 31 जनवरी (डॉ. एम. पी. भार्गव)।हरियाणा की जनता पिछले 11 वर्षों से केवल वादों और इंतज़ार के दौर से गुजर रही है। तथाकथित डबल इंजन सरकार के दावे बार-बार किए गए, लेकिन वास्तविकता यह है कि इस अवधि में प्रदेश को एक भी ऐसी ठोस नई विकास परियोजना नहीं मिली, जिससे आम जनता को प्रत्यक्ष लाभ हो सके। ग्रामीण और शहरी, दोनों ही क्षेत्रों में हालात चिंताजनक बने हुए हैं।
यह बातें सिरसा की सांसद, पूर्व कैबिनेट मंत्री एवं कांग्रेस की राष्ट्रीय महासचिव कुमारी सैलजा ने संसद परिसर में पत्रकारों से बातचीत के दौरान कहीं। उन्होंने कहा कि मनरेगा जैसी महत्वपूर्ण योजना को कमजोर किया गया है। बजट में कटौती कर ग्रामीण गरीबों से काम का अधिकार छीना गया, जबकि किसान आज भी अपने मुआवज़े की प्रतीक्षा कर रहे हैं और बड़ी संख्या में लोग अब तक इससे वंचित हैं। इससे स्पष्ट है कि सरकार न तो रोजगार को लेकर गंभीर है और न ही किसानों के हितों के प्रति संवेदनशील।
कुमारी सैलजा ने कहा कि वे केंद्र और राज्य सरकार से पुरजोर मांग करेंगी कि हरियाणा में एक आईआईटी (भारतीय प्रौद्योगिकी संस्थान) की स्थापना की जाए। विशेष रूप से शिक्षा के क्षेत्र में पिछड़े सिरसा जिले में यदि यह प्रतिष्ठित संस्थान स्थापित होता है, तो इससे पूरे प्रदेश के विकास को नई दिशा मिलेगी और युवाओं के लिए उच्च शिक्षा एवं रोजगार के अवसर बढ़ेंगे।
इसके साथ ही उन्होंने घग्गर बेल्ट क्षेत्र में लगातार बढ़ रहे कैंसर के मामलों पर गहरी चिंता व्यक्त की। उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र के कई गांवों में कैंसर के मरीजों की संख्या तेजी से बढ़ रही है, जिसके चलते इसे ‘कैंसर बेल्ट’ के रूप में पहचाना जाने लगा है। प्रदूषित जल, पर्यावरणीय कारणों और जागरूकता की कमी के कारण स्थिति और भी गंभीर होती जा रही है।
उन्होंने मांग की कि घग्गर बेल्ट क्षेत्र में नेशनल कैंसर इंस्टिट्यूट की स्थापना की जाए, जहां जांच, शोध, रोकथाम और आधुनिक उपचार की समुचित व्यवस्था उपलब्ध हो। कुमारी सैलजा ने कहा कि यह संस्थान न केवल हरियाणा, बल्कि पंजाब और राजस्थान की सीमा से सटे क्षेत्रों के हजारों मरीजों के लिए जीवनदायी सिद्ध होगा। समय पर जांच, सस्ती चिकित्सा सुविधाएं और कैंसर के कारणों पर गहन शोध से इस क्षेत्र में बीमारी की रोकथाम की दिशा में ठोस परिणाम सामने आ सकेंगे।
कुमारी सैलजा ने स्पष्ट किया कि उनकी यह मांग किसी राजनीतिक उद्देश्य से प्रेरित नहीं है, बल्कि हरियाणा के समग्र विकास, युवाओं के भविष्य और जनता के स्वास्थ्य से जुड़ा एक गंभीर मुद्दा है, जिसे सरकार को प्राथमिकता के आधार पर स्वीकार करना चाहिए।
khabre junction
