नई दिल्ली। एशिया कप 2025 में आज यानी 14 सितंबर को भारत और पाकिस्तान के बीच हाई-वोल्टेज मुकाबला दुबई में खेला जाएगा। मैच रात 8 बजे से शुरू होगा। हालांकि इस मैच को लेकर देशभर में विरोध तेज है और सोशल मीडिया पर #BoycottINDvPAK ट्रेंड कर रहा है। वजह है — हाल ही में हुआ पहलगाम आतंकी हमला, जिसमें 26 निर्दोष लोगों की जान चली गई थी। इसी कारण लोग पाकिस्तान के खिलाफ मैच खेलने का विरोध कर रहे हैं।
BCCI सचिव ने तोड़ी चुप्पी
भारत-पाकिस्तान मैच से ठीक पहले बीसीसीआई (BCCI) के सचिव देवजीत सैकिया ने स्थिति साफ की। उन्होंने कहा कि केंद्र सरकार की नीति के मुताबिक, भारत केवल द्विपक्षीय सीरीज से इंकार कर सकता है, लेकिन मल्टीनेशनल टूर्नामेंट जैसे एशिया कप, ओलंपिक या वर्ल्ड कप से नहीं हट सकता।
सैकिया ने कहा,
“भारत को भले ही ऐसे देश के साथ खेलना पड़े, जिसके साथ रिश्ते अच्छे नहीं हैं, लेकिन बहुराष्ट्रीय टूर्नामेंट में खेलना हमारी मजबूरी है। अगर हम इन मैचों से इनकार करेंगे तो भविष्य में किसी भी इंटरनेशनल टूर्नामेंट की मेजबानी करने की हमारी संभावनाएं खत्म हो सकती हैं।”
क्यों जरूरी है टूर्नामेंट खेलना?
BCCI ने साफ किया कि अगर भारत एशिया कप जैसे टूर्नामेंट से हटता है तो उसका असर फीफा, एएफसी, ओलंपिक, एथलेटिक्स जैसे अन्य अंतरराष्ट्रीय आयोजनों पर भी पड़ेगा।
इससे भारत की मेजबानी की क्षमता पर सवाल खड़े हो जाएंगे।
इसी कारण भारत ने 2012-13 से पाकिस्तान के साथ कोई द्विपक्षीय सीरीज नहीं खेली है, लेकिन मल्टीनेशनल टूर्नामेंट में टीम इंडिया हिस्सा ले रही है।
विरोध क्यों हो रहा है?
पहलगाम आतंकी हमले में 26 निर्दोष पर्यटक मारे गए थे। आतंकी धर्म पूछकर गोलियां चला रहे थे। इस घटना के बाद पूरे देश में गुस्सा है। ऑपरेशन “सिंदूर” के जरिए भारत ने पाकिस्तान स्थित आतंकी ठिकानों को तबाह भी किया, लेकिन जनता का गुस्सा अब भी शांत नहीं हुआ है। लोग मानते हैं कि पाकिस्तान के खिलाफ खेलना शहीदों का अपमान है।
क्रिकेटर्स और नेताओं की राय
कई क्रिकेट फैंस कह रहे हैं कि भारतीय खिलाड़ियों को जीत के जरिए आतंकी हमले का जवाब देना चाहिए।
वहीं, विपक्षी नेताओं और शहीदों के परिजनों ने सरकार से इस मैच को रद्द करने की मांग की है।
