अमृतसर: मोहाली के निकट स्थित लालरू गांव से एक पिता और उसकी सात वर्षीय बेटी ने साइकिल पर सवार होकर 250 किलोमीटर का सफर तय किया और गुरु नगरी अमृतसर पहुंचकर गुरु घर सचखंड श्री हरमंदिर साहिब में माथा टेका। इस यात्रा में उन्हें आठ दिन का समय लगा, और रास्ते में कई गुरुद्वारों में रुकते हुए उन्होंने अपना सफर जारी रखा।
वरिंदर सिंह, जो इस यात्रा के प्रमुख सदस्य थे, ने मीडिया से बातचीत करते हुए बताया कि वह काफी समय से अपने गुरु के घर सचखंड श्री हरमंदिर साहिब में साइकिल से माथा टेकने की योजना बना रहे थे। उन्होंने कहा, “हम पंजाब के लिए कुछ अलग करना चाहते थे, और इसीलिए हमने यह साइकिल यात्रा निकाली है।”
वरिंदर सिंह के साथ उनकी बेटी जैस्मीन भी थी, जो इस यात्रा का अहम हिस्सा बनी। जैस्मीन ने कहा, “मेरा सपना है कि मैं साइकिल से पूरी दुनिया घूमूं, और आज मैं अपने पापा के साथ गुरु घर आकर माथा टेकने आई हूं।”
वरिंदर सिंह ने यह भी बताया कि उनका अगला लक्ष्य हजूर साहिब तक साइकिल यात्रा करना है, जिसके लिए उनका परिवार तीन साइकिलों पर रवाना होगा। इस यात्रा में उनकी पत्नी भी उनके साथ होंगी।
वरिंदर सिंह की यात्रा को लेकर उनकी दादी-दादी गर्व महसूस कर रहे हैं और उन्होंने कहा कि उनकी पोती जैस्मीन पर उन्हें खास गर्व है, क्योंकि यह उनकी बेटी की साहसिक यात्रा है।
इस प्रेरणादायक यात्रा को लेकर परिवार के सदस्य और शुभचिंतक उन्हें आशीर्वाद दे रहे हैं और उम्मीद कर रहे हैं कि अगली यात्रा भी सफल होगी।
